MP Board Class 12 Business Studies – Set B Model Paper 2025–26
Class 12th Business Studies Model Paper Set B
MP Board कक्षा 12वीं – व्यवसाय अध्ययन मॉडल पेपर (Set B)
MP Board कक्षा 12वीं व्यवसाय अध्ययन (Business Studies) – Set B मॉडल प्रश्न पत्र नवीनतम पाठ्यक्रम एवं बोर्ड परीक्षा पैटर्न के अनुसार तैयार किया गया है। यह Set B विद्यार्थियों को अलग प्रकार के प्रश्नों का अभ्यास कराकर विषय की गहरी समझ विकसित करने में सहायक है
🔹 Set B की मुख्य विशेषताए
✔️ नवीनतम MP Board सिलेबस पर आधारित
✔️ Set B के अनुसार प्रश्नों का अलग संयोजन
✔️ वस्तुनिष्ठ, लघु एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न शामि
✔️ केस-स्टडी एवं सिद्धांतात्मक प्रश्नों का संतुलन
✔️ वार्षिक परीक्षा 2025–26 के लिए अत्यंत उपयोगी
विवरण
कक्षा: 12वीं
विषय: व्यवसाय अध्ययन (Business Studies
मॉडल पेपर: Set B
बोर्ड: MP Board
इस Set B मॉडल पेपर के अभ्यास से विद्यार्थी प्रबंधन, विपणन, वित्त एवं संगठन से जुड़े प्रश्नों को बेहतर ढंग से समझ पाते हैं, जिससे बोर्ड परीक्षा में आत्मविश्वास के साथ उत्तर लिखने में मदद मिलती है।
Business Studies Model Paper 12th (Set-B) - Sandipani Vidyalaya
कक्षा 12वीं - व्यवसाय अध्ययन
(मॉडल पेपर: सेट-B)
Created by: D Septa | पूर्णांक: 80 | समय: 3 घंटे
खण्ड अ: वस्तुनिष्ठ प्रश्न (32 अंक)
प्र.1. सही विकल्प चुनकर लिखिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) प्रबंध के कितने स्तर होते हैं?
(अ) एक(ब) दो(स) तीन(द) चार
👉 (स) तीन (उच्च, मध्य, निम्न)
(ii) वैज्ञानिक प्रबंध के जनक कौन हैं?
(अ) हेनरी फेयोल(ब) एफ.डब्ल्यू. टेलर(स) पीटर ड्रकर(द) जॉर्ज टेरी
👉 (ब) एफ.डब्ल्यू. टेलर
(iii) भारत में नवीन आर्थिक नीति (NEP) कब लागू की गई?
(अ) 1988(ब) 1991(स) 1995(द) 2000
👉 (ब) 1991
(iv) नियोजन प्रक्रिया का अंतिम चरण है:
(अ) उद्देश्य निर्धारण(ब) विकल्पों का मूल्यांकन(स) अनुवर्तन (Follow-up)(द) योजना लागू करना
👉 (स) अनुवर्तन (Follow-up)
(v) विपणन मिश्रण (Marketing Mix) के तत्व हैं:
(अ) उत्पाद(ब) मूल्य(स) स्थान व संवर्धन(द) ये सभी
👉 (द) ये सभी (4Ps)
(vi) उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 कब लागू हुआ?
(अ) 20 जुलाई 2020(ब) 15 अप्रैल 2019(स) 1 जनवरी 2020(द) 24 अक्टूबर 2019
👉 (अ) 20 जुलाई 2020
प्र.2. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) प्रबंध दूसरों से कार्य कराने की ________ है।
कला (Art)
(ii) टेलर के अध्ययन का केंद्र बिंदु ________ था।
श्रमिक (Worker) / कारखाना
(iii) नियोजन ________ उन्मुखी होता है।
भविष्य (Future)
(iv) चयन एक ________ प्रक्रिया है।
नकारात्मक (Negative)
(v) भारत में मुद्रा बाजार का नियंत्रण ________ द्वारा किया जाता है।
RBI (रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया)
(vi) सेबी (SEBI) का मुख्यालय ________ में स्थित है।
मुंबई
प्र.3. सत्य/असत्य लिखिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) व्यावसायिक पर्यावरण स्थिर रहता है।
असत्य (यह गतिशील होता है)
(ii) संगठन प्रबंध का आधार है।
सत्य
(iii) प्रशिक्षण एक सतत प्रक्रिया है।
सत्य
(iv) नियंत्रण एक पीछे देखने वाली क्रिया है।
सत्य (यह भूतकाल के कार्यों का विश्लेषण करता है, पर आगे भी देखता है)
(v) पूँजी बाजार अल्पकालीन कोषों का बाजार है।
असत्य (दीर्घकालीन कोषों का है)
(vi) उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम केवल वस्तुओं पर लागू होता है।
असत्य (यह सेवाओं पर भी लागू होता है)
प्र.4. सही जोड़ी बनाइए: (1×7 = 7 अंक)
(क) -> (ख)
(i) हेनरी फेयोल -> (क) पदोन्नति
(ii) उदारीकरण -> (ख) मनोवैज्ञानिक प्रक्रिया
(iii) भर्ती का आन्तरिक स्रोत -> (ग) आधुनिक प्रबंध के जनक
(iv) अभिप्रेरणा -> (घ) आवश्यक प्रतिभूतियां
(v) बजट -> (ङ) लाइसेंस नीति में ढील
(vi) प्राथमिक बाजार -> (च) उत्पाद की पहचान
(vii) लेबलिंग -> (छ) पूर्वानुमान आधारित
सही मिलान:
(i) हेनरी फेयोल → (ग) आधुनिक प्रबंध के जनक
(ii) उदारीकरण → (ङ) लाइसेंस नीति में ढील
(iii) भर्ती का आन्तरिक स्रोत → (क) पदोन्नति
(iv) अभिप्रेरणा → (ख) मनोवैज्ञानिक प्रक्रिया
(v) बजट → (छ) पूर्वानुमान आधारित (संख्यात्मक विवरण)
(vi) प्राथमिक बाजार → (घ) आवश्यक प्रतिभूतियां (नई प्रतिभूतियां)
(vii) लेबलिंग → (च) उत्पाद की पहचान
प्र.5. एक शब्द/वाक्य में उत्तर दीजिए: (1×7 = 7 अंक)
(i) प्रबंध का सार किसे कहा जाता है?
समन्वय (Coordination)
(ii) सोपान शृंखला (Scalar Chain) का सिद्धांत किसने दिया?
हेनरी फेयोल
(iii) वह संगठन ढांचा जो कार्यों पर आधारित होता है, क्या कहलाता है?
(vii) 'हॉलमार्क' किस वस्तु की गुणवत्ता का प्रतीक है?
स्वर्ण आभूषण (Jewelry)
खण्ड ब: अति लघु उत्तरीय प्रश्न (2 अंक)
प्र.6. प्रबंध की परिभाषा लिखिए।
अथवा
प्रबंध की दो विशेषताएँ लिखिए।
उत्तर: "प्रबंध, परिवर्तनशील पर्यावरण में सीमित संसाधनों का कुशलतापूर्वक और प्रभावपूर्ण ढंग से उपयोग करते हुए, संगठन के उद्देश्यों को प्राप्त करने की प्रक्रिया है।"
उत्तर: 1. उद्देश्यपूर्ण प्रक्रिया: प्रबंध किसी विशिष्ट लक्ष्य की प्राप्ति के लिए किया जाता है।
2. सर्वव्यापक: प्रबंध सभी प्रकार के संगठनों (लाभकारी/गैर-लाभकारी) और सभी स्तरों पर आवश्यक है।
प्र.7. व्यावसायिक पर्यावरण के किन्हीं दो आयामों के नाम लिखिए।
अथवा
उदारीकरण और निजीकरण में एक अंतर लिखिए।
उत्तर: 1. आर्थिक पर्यावरण (Economic Environment)
2. सामाजिक पर्यावरण (Social Environment)
उत्तर:उदारीकरण: सरकारी नियंत्रणों और प्रतिबंधों को कम करना। निजीकरण: सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों के स्वामित्व या प्रबंधन को निजी क्षेत्र को सौंपना।
प्र.8. नियोजन की दो सीमाएँ लिखिए।
अथवा
नियोजन के दो महत्व लिखिए।
उत्तर: 1. दृढ़ता: नियोजन से काम करने के तरीके में लोचशीलता कम हो जाती है।
2. परिवर्तनशील वातावरण में अप्रभावी: भविष्य अनिश्चित है, इसलिए योजनाएं हमेशा सही साबित नहीं होतीं।
उत्तर: 1. यह अनिश्चितता के जोखिम को कम करता है।
2. यह निर्देशन की दिशा प्रदान करता है।
प्र.9. औपचारिक और अनौपचारिक संगठन में दो अंतर लिखिए।
अथवा
विकेंद्रीकरण (Decentralization) से क्या आशय है?
उत्तर: 1. उत्पत्ति: औपचारिक संगठन जानबूझकर बनाया जाता है, अनौपचारिक स्वतः सामाजिक संबंधों से बनता है।
2. नियम: औपचारिक में नियम और प्रक्रियाएँ कठोर होती हैं, अनौपचारिक में नहीं।
उत्तर: जब निर्णय लेने का अधिकार उच्च स्तर से निम्न स्तर तक व्यवस्थित रूप से वितरित कर दिया जाता है, तो उसे विकेंद्रीकरण कहते हैं।
प्र.10. भर्ती के आंतरिक स्रोतों के दो लाभ लिखिए।
अथवा
प्रशिक्षण (Training) के दो उद्देश्य बताइए।
उत्तर: 1. यह कम खर्चीला होता है।
2. यह कर्मचारियों को बेहतर प्रदर्शन के लिए अभिप्रेरित करता है (पदोन्नति की आशा में)।
उत्तर: 1. कर्मचारियों की कार्यकुशलता और उत्पादकता बढ़ाना।
2. दुर्घटनाओं और संसाधनों की बर्बादी को कम करना।
प्र.11. पर्यवेक्षण (Supervision) का अर्थ लिखिए।
अथवा
अभिप्रेरणा (Motivation) की परिभाषा दीजिए।
उत्तर: अधीनस्थों के कार्यों की देखरेख करना और यह सुनिश्चित करना कि कार्य योजनानुसार हो रहा है, पर्यवेक्षण कहलाता है।
उत्तर: अभिप्रेरणा वह प्रक्रिया है जो लोगों को वांछित लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए कार्य करने हेतु उत्तेजित और प्रोत्साहित करती है।
प्र.12. नियंत्रण का महत्व लिखिए (कोई दो)।
अथवा
नियोजन और नियंत्रण में संबंध बताइए।
उत्तर: 1. यह संगठनात्मक लक्ष्यों की प्राप्ति में सहायक है।
2. यह संसाधनों के कुशल उपयोग को सुनिश्चित करता है।
उत्तर: नियोजन और नियंत्रण एक-दूसरे के पूरक हैं। नियोजन लक्ष्य निर्धारित करता है (मानक), और नियंत्रण यह सुनिश्चित करता है कि कार्य उन मानकों के अनुसार हो। नियोजन के बिना नियंत्रण अंधा है, और नियंत्रण के बिना नियोजन व्यर्थ है।
प्र.13. वित्तीय प्रबंध के दो उद्देश्य लिखिए।
अथवा
स्थायी पूँजी और कार्यशील पूँजी में अंतर बताइए।
उत्तर: 1. लाभ अधिकतमकरण: स्वामियों (अंशधारियों) की संपत्ति के मूल्य को अधिकतम करना।
2. कोषों की उपलब्धता: सही समय पर पर्याप्त वित्त की उपलब्धता सुनिश्चित करना।
उत्तर:स्थायी पूँजी: दीर्घकालीन संपत्तियों (मशीन, भूमि) को खरीदने के लिए आवश्यक होती है। कार्यशील पूँजी: दैनिक कार्यों (कच्चा माल, वेतन) के संचालन के लिए आवश्यक होती है।
प्र.14. पैकेजिंग के दो कार्य लिखिए।
अथवा
ब्रांडिंग (Branding) से क्या लाभ हैं?
उत्तर: 1. सुरक्षा: उत्पाद को टूट-फूट, रिसाव और खराब होने से बचाना।
2. संवर्धन: आकर्षक पैकेजिंग ग्राहक को आकर्षित करती है और बिक्री बढ़ाती है।
उत्तर: 1. यह उत्पाद को प्रतियोगियों के उत्पाद से अलग पहचान (Differentiation) दिलाता है।
2. यह विज्ञापन और प्रचार में सहायक होता है।
प्र.15. उपभोक्ता के किन्हीं दो अधिकारों के नाम लिखिए।
अथवा
उपभोक्ता के दो उत्तरदायित्व लिखिए।
उत्तर: 1. सुरक्षा का अधिकार।
2. सूचना पाने का अधिकार।
उत्तर: 1. वस्तु खरीदते समय रसीद (Cash Memo) अवश्य लेना।
2. वस्तु की गुणवत्ता और मानकीकरण (ISI मार्क आदि) की जाँच करना।
खण्ड स: लघु उत्तरीय प्रश्न (3 अंक)
प्र.16. हेनरी फेयोल के 'सोपान शृंखला' और 'आदेश की एकता' के सिद्धांत को समझाइए।
अथवा
टेलर के वैज्ञानिक प्रबंध के किन्हीं तीन सिद्धांतों का वर्णन कीजिए।
उत्तर: 1. सोपान शृंखला: अधिकार और संचार की रेखा ऊपर से नीचे की ओर एक क्रम में होनी चाहिए। आकस्मिकता में 'समतल संपर्क' (Gang Plank) का उपयोग किया जा सकता है।
2. आदेश की एकता: एक कर्मचारी को एक समय में केवल एक ही बॉस से आदेश मिलना चाहिए ताकि भ्रम की स्थिति न बने।
उत्तर: 1. विज्ञान, न कि रूढ़िवादिता: कार्य करने का एक सर्वश्रेष्ठ वैज्ञानिक तरीका ढूँढना चाहिए, न कि पुराने अंगूठा टेक नियमों का पालन करना चाहिए।
2. सहयोग, न कि टकराव: प्रबंधन और श्रमिकों के बीच आपसी विश्वास और सहयोग होना चाहिए।
3. अधिकतम उत्पादकता: दोनों पक्षों को उत्पादन बढ़ाने पर जोर देना चाहिए।
प्र.17. निर्देशन के तत्वों (पर्यवेक्षण, अभिप्रेरणा, नेतृत्व, संचार) का संक्षेप में वर्णन कीजिए।
अथवा
मास्लो के आवश्यकता पदानुक्रम सिद्धांत की व्याख्या कीजिए।
उत्तर: 1. पर्यवेक्षण: अधीनस्थों के कार्यों की निगरानी।
2. अभिप्रेरणा: कर्मचारियों को कार्य करने के लिए प्रोत्साहित करना।
3. नेतृत्व: दूसरों के व्यवहार को प्रभावित करना ताकि वे स्वेच्छा से काम करें।
4. संचार: विचारों और सूचनाओं का आदान-प्रदान।
उत्तर: मास्लो ने मानवीय आवश्यकताओं को 5 स्तरों में बाँटा है:
1. शारीरिक आवश्यकताएँ (रोटी, कपड़ा)।
2. सुरक्षा आवश्यकताएँ (नौकरी की सुरक्षा)।
3. सामाजिक आवश्यकताएँ (प्रेम, मित्रता)।
4. सम्मान आवश्यकताएँ (पद, प्रतिष्ठा)।
5. आत्म-प्राप्ति आवश्यकताएँ (क्षमता का पूर्ण विकास)। व्यक्ति क्रम से इन्हें पूरा करता है।
प्र.18. स्थायी पूँजी की आवश्यकता को प्रभावित करने वाले तीन कारकों को समझाइए।
अथवा
कार्यशील पूँजी को प्रभावित करने वाले तीन घटक लिखिए।
उत्तर: 1. व्यवसाय की प्रकृति: निर्माणी संस्थाओं (Manufacturing) को अधिक स्थायी पूँजी चाहिए, व्यापारिक को कम।
2. क्रियाओं का पैमाना: बड़े पैमाने के व्यवसाय में अधिक स्थायी पूँजी लगती है।
3. तकनीक का चयन: पूँजी प्रधान तकनीक में अधिक स्थायी पूँजी की आवश्यकता होती है।
उत्तर: 1. व्यवसाय की प्रकृति: सेवा क्षेत्र में कम कार्यशील पूँजी, निर्माणी में अधिक।
2. उत्पादन चक्र: जितना लंबा उत्पादन चक्र (कच्चे माल से पक्का माल बनने में समय), उतनी अधिक कार्यशील पूँजी।
3. मौसमी कारक: पीक सीजन में अधिक कार्यशील पूँजी की जरूरत होती है।
प्र.19. विपणन के किन्हीं तीन कार्यों का वर्णन कीजिए।
अथवा
विज्ञापन और वैयक्तिक विक्रय में तीन अंतर लिखिए।
उत्तर: 1. बाजार विश्लेषण: ग्राहकों की आवश्यकताओं और बाजार के अवसरों का पता लगाना।
2. उत्पाद डिजाइन व विकास: ग्राहक की रुचि के अनुसार उत्पाद को रूप देना।
3. मूल्य निर्धारण: उत्पाद का सही दाम तय करना जो प्रतिस्पर्धी हो और लाभ भी दे।
उत्तर: 1. प्रारूप: विज्ञापन अवैयक्तिक (Impersonal) है, वैयक्तिक विक्रय में व्यक्ति-से-व्यक्ति संपर्क होता है।
2. क्षेत्र: विज्ञापन एक साथ लाखों लोगों तक पहुँचता है, विक्रय सीमित लोगों तक।
3. लागत: प्रति व्यक्ति लागत विज्ञापन में कम होती है, वैयक्तिक विक्रय में अधिक।
खण्ड द: दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (4 अंक)
प्र.20. नियोजन प्रक्रिया (Planning Process) के विभिन्न चरणों का वर्णन कीजिए।
अथवा
योजना के प्रकार (उद्देश्य, नीति, कार्यविधि, नियम) को उदाहरण सहित समझाइए।
उत्तर: 1. उद्देश्य निर्धारण: सबसे पहले लक्ष्य तय किए जाते हैं।
2. आधार विकसित करना: भविष्य के लिए मान्यताएँ (Premises) तय करना।
3. वैकल्पिक कार्यवाहियों की पहचान: लक्ष्य पाने के विभिन्न तरीके खोजना।
4. विकल्पों का मूल्यांकन व चयन: सबसे अच्छे विकल्प को चुनना।
5. योजना लागू करना और अनुवर्तन: योजना पर अमल करना और निगरानी रखना।
उत्तर: 1. उद्देश्य: वह अंतिम लक्ष्य जिसे प्राप्त करना है (जैसे: बिक्री 10% बढ़ाना)।
2. नीति: सामान्य मार्गदर्शक बातें जो निर्णय लेने में मदद करती हैं (जैसे: केवल नकद बिक्री की नीति)।
3. कार्यविधि: काम करने का क्रमबद्ध तरीका।
4. नियम: कठोर निर्देश कि क्या करना है और क्या नहीं (जैसे: नो स्मोकिंग)।
प्र.21. संगठन प्रक्रिया के चरणों को समझाइए।
अथवा
अधिकार अंतरण (Delegation) के तत्वों (अधिकार, उत्तरदायित्व, जवाबदेही) को स्पष्ट कीजिए।
उत्तर: 1. कार्य की पहचान व विभाजन: कुल काम को छोटे-छोटे कार्यों में बांटना।
2. विभागीकरण: समान प्रकृति के कार्यों को एक विभाग में रखना।
3. कर्तव्यों का निर्धारण: प्रत्येक पद के लिए काम तय करना।
4. रिपोर्टिंग संबंध स्थापित करना: यह तय करना कि कौन किसे रिपोर्ट करेगा (बॉस-अधीनस्थ संबंध)।
उत्तर: 1. अधिकार: निर्णय लेने की शक्ति। यह ऊपर से नीचे बहती है। इसे सौंपा जा सकता है।
2. उत्तरदायित्व: सौंपा गया काम पूरा करने का कर्तव्य। यह नीचे से ऊपर बहता है।
3. जवाबदेही (Accountability): अंतिम परिणाम के लिए जवाब देने की बाध्यता। इसे सौंपा नहीं जा सकता।
प्र.22. नियुक्तिकरण (Staffing) प्रक्रिया के विभिन्न चरणों का वर्णन कीजिए।
अथवा
चयन प्रक्रिया (Selection Process) के सोपानों को समझाइए।
उत्तर: 1. मानव शक्ति नियोजन: कितने लोगों की जरूरत है, यह देखना।
2. भर्ती: आवेदकों को आमंत्रित करना।
3. चयन: योग्य उम्मीदवारों को छांटना।
4. अनुस्थापन व अभिविन्यास: काम पर लगाना और परिचय कराना।
5. प्रशिक्षण व विकास: कौशल बढ़ाना।
उत्तर: 1. प्रारंभिक जाँच।
2. चयन परीक्षा (लिखित/कौशल)।
3. रोजगार साक्षात्कार।
4. संदर्भ और पृष्ठभूमि की जाँच।
5. शारीरिक परीक्षण (Medical)।
6. अंतिम चयन और नियुक्ति पत्र।
प्र.23. स्कंध विपणि (Stock Exchange) के कार्यों का वर्णन कीजिए।
अथवा
सेबी (SEBI) के प्रमुख कार्यों (सुरक्षात्मक, विकासात्मक, नियमनकारी) को समझाइए।
उत्तर: 1. तरलता प्रदान करना: प्रतिभूतियों को नकद में बदलने का मंच देना।
2. मूल्य निर्धारण: मांग और पूर्ति के आधार पर शेयर के दाम तय करना।
3. सुरक्षित लेनदेन: केवल सूचीबद्ध कंपनियों के शेयर बिकते हैं, जिससे सुरक्षा मिलती है।
4. आर्थिक विकास: बचत को उत्पादक कार्यों में लगाना।
उत्तर: 1. सुरक्षात्मक: निवेशकों के हितों की रक्षा करना, इनसाइडर ट्रेडिंग (Insider Trading) रोकना।
2. विकासात्मक: बिचौलियों को प्रशिक्षित करना, बाजार का विकास करना।
3. नियमनकारी: ब्रोकर और सब-ब्रोकर का पंजीकरण करना, स्टॉक एक्सचेंज का संचालन और ऑडिट करना।
⚠️ डिस्क्लेमर (प्रश्न–उत्तर सम्बन्धी):
इस मॉडल प्रश्न पत्र में दिए गए सभी प्रश्न एवं उत्तर
केवल शैक्षणिक अभ्यास और परीक्षा तैयारी के उद्देश्य से तैयार किए गए हैं।
ये प्रश्न–उत्तर MP Board की आधिकारिक प्रश्न पत्र या उत्तर कुंजी नहीं हैं।
वास्तविक परीक्षा में प्रश्नों की संख्या, क्रम एवं शब्दों में परिवर्तन संभव है।
छात्र परीक्षा में केवल इन प्रश्न–उत्तर पर निर्भर न रहें, बल्कि
आधिकारिक पाठ्यक्रम एवं पुस्तकों का अध्ययन अवश्य करें।
📘 MP Board कक्षा 12वीं व्यवसाय अध्ययन मॉडल पेपर (Arts & Commerce)
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नवीनतम MP Board सिलेबस एवं परीक्षा पैटर्न पर आधारित हैं।
MP Board Class 12 Business Studies – Set A Model Paper 2025–26
Class 12th Business Studies Model Paper Set A
MP Board कक्षा 12वीं – व्यवसाय अध्ययन मॉडल पेपर (Set A)
MP Board कक्षा 12वीं व्यवसाय अध्ययन (Business Studies) – Set A मॉडल प्रश्न पत्र नवीनतम पाठ्यक्रम एवं बोर्ड परीक्षा पैटर्न के अनुसार तैयार किया गया है।
यह Set A विद्यार्थियों को बुनियादी अवधारणाओं की मजबूत समझ और प्रश्नों की सही संरचना के साथ अभ्यास कराने में सहायक है।
🔹 Set A की मुख्य विशेषताएँ
✔️ नवीनतम MP Board सिलेबस पर आधारित
✔️ Set A के अनुसार प्रश्नों का संतुलित चयन
✔️ वस्तुनिष्ठ, लघु एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न शामिल
✔️ केस स्टडी व सिद्धांतात्मक प्रश्नों का अभ्यास
✔️ वार्षिक परीक्षा 2025–26 के लिए अत्यंत उपयोगी
विवरण
कक्षा: 12वीं
विषय: व्यवसाय अध्ययन (Business Studies)
मॉडल पेपर: Set A
बोर्ड: MP Board
इस Set A मॉडल पेपर के नियमित अभ्यास से विद्यार्थी प्रबंधन, संगठन, विपणन एवं वित्तीय विषयों से जुड़े प्रश्नों को बेहतर ढंग से समझ पाते हैं, जिससे बोर्ड परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने में सहायता मिलती है।
Business Studies Model Paper 12th - Sandipani Vidyalaya
कक्षा 12वीं - व्यवसाय अध्ययन
(मॉडल पेपर 2025-26 सेट-A)
Created by : D Septa | पूर्णांक: 80 | समय: 3 घंटे
खण्ड अ: वस्तुनिष्ठ प्रश्न (32 अंक)
प्र.1. सही विकल्प चुनकर लिखिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) प्रबंध के कितने स्तर होते हैं?
(अ) दो(ब) तीन(स) चार(द) पांच
👉 (ब) तीन
विवरण: प्रबंध के तीन स्तर होते हैं - उच्च स्तरीय, मध्य स्तरीय और निम्न (पर्यवेक्षकीय) स्तरीय।
विवरण: फ्रेडरिक विंस्लो टेलर (F.W. Taylor) को वैज्ञानिक प्रबंध का जनक माना जाता है।
(iii) 'नियोजन' प्रबंध का कौन सा कार्य है?
(अ) प्राथमिक(ब) द्वितीयक(स) अंतिम(द) अनावश्यक
👉 (अ) प्राथमिक
विवरण: नियोजन प्रबंध का सबसे पहला और आधारभूत कार्य है, अन्य सभी कार्य इसी पर निर्भर करते हैं।
(iv) प्रशिक्षण में किस पर बल दिया जाता है?
(अ) सैद्धांतिक ज्ञान(ब) सर्वांगीण ज्ञान(स) व्यावहारिक ज्ञान(द) सामान्य ज्ञान
👉 (स) व्यावहारिक ज्ञान
विवरण: प्रशिक्षण का उद्देश्य किसी विशिष्ट कार्य को करने के लिए कर्मचारी के कौशल और व्यावहारिक ज्ञान को बढ़ाना होता है।
(v) विपणन मिश्रण (Marketing Mix) में शामिल नहीं है:
(अ) उत्पाद(ब) मूल्य(स) प्रक्रिया(द) स्थान
👉 (स) प्रक्रिया
विवरण: उत्पाद विपणन मिश्रण के 4P हैं - उत्पाद (Product), मूल्य (Price), स्थान (Place), और संवर्धन (Promotion)। प्रक्रिया सेवा विपणन का हिस्सा है।
(vi) भारत में उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम कब पारित हुआ?
(अ) 1986(ब) 1996(स) 2019(द) 2005
👉 (अ) 1986 (पुराना) / (स) 2019 (नया)
विवरण: मूल अधिनियम 1986 में पारित हुआ था। नया अधिनियम 2019 में लागू हुआ। (विकल्प के अनुसार 1986 सही है यदि पारंपरिक प्रश्न है)।
प्र.2. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) प्रबंध दूसरों से ________ कराने की कला है।
कार्य/काम
विवरण: मैरी पार्कर फोलेट के अनुसार, "प्रबंध दूसरों के माध्यम से कार्य कराने की कला है।"
(ii) भारत में नवीन आर्थिक नीति ________ में लागू की गई।
1991
विवरण: उदारीकरण, निजीकरण और वैश्वीकरण (LPG) की नीति 1991 में अपनाई गई थी।
(iii) नियोजन ________ के लिए होता है।
भविष्य
विवरण: नियोजन हमेशा आगे देखने वाली (Forward-looking) प्रक्रिया है।
(iv) भारार्पण (Delegation) सदैव ________ की ओर होता है।
नीचे
विवरण: अधिकार का अंतरण हमेशा उच्च अधिकारी से अधीनस्थ (ऊपर से नीचे) की ओर होता है।
(v) भर्ती एक ________ प्रक्रिया है।
सकारात्मक
विवरण: भर्ती में अधिक से अधिक लोगों को आवेदन करने के लिए प्रेरित किया जाता है, जबकि चयन एक नकारात्मक प्रक्रिया है (छंटनी)।
(vi) नियंत्रण प्रबंध का ________ कार्य है।
अंतिम
विवरण: प्रबंधकीय कार्यों की शृंखला में नियोजन से शुरू होकर नियंत्रण पर समाप्त होता है (जो पुनः नियोजन का आधार बनता है)।
प्र.3. सत्य/असत्य का चयन कीजिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) समन्वय प्रबंध का सार है।
सत्य
विवरण: कुन्ट्ज और ओ'डोनेल के अनुसार, समन्वय प्रबंध का एक अलग कार्य नहीं बल्कि उसका सार (Essence) है जो सभी कार्यों में व्याप्त है।
(ii) नियम और नीति एक ही है।
असत्य
विवरण: नीतियां सामान्य मार्गदर्शक बातें होती हैं, जबकि नियम विशिष्ट होते हैं और उनका पालन कठोरता से करना होता है।
(iii) अनौपचारिक संगठन का निर्माण स्वतः होता है।
सत्य
विवरण: अनौपचारिक संगठन कर्मचारियों के आपसी सामाजिक संबंधों और मेल-जोल से अपने आप बनते हैं।
(iv) मौद्रिक अभिप्रेरणाएं अधिक शक्तिशाली होती हैं।
सत्य (सामान्यतः)
विवरण: निम्न और मध्यम स्तर के कर्मचारियों के लिए मौद्रिक (पैसे से जुड़ी) प्रेरणाएं सबसे अधिक प्रभावी होती हैं।
(v) विपणन और विक्रय में कोई अंतर नहीं है।
असत्य
विवरण: विक्रय का उद्देश्य माल बेचना है, जबकि विपणन एक व्यापक अवधारणा है जो ग्राहक संतुष्टि पर केंद्रित है।
(vi) उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम केवल वस्तुओं पर लागू होता है, सेवाओं पर नहीं।
असत्य
विवरण: यह अधिनियम वस्तुओं और सेवाओं (बैंकिंग, बीमा आदि) दोनों पर समान रूप से लागू होता है।
प्र.4. सही जोड़ी मिलाइए: (1×7 = 7 अंक)
(i) हेनरी फेयोल -> (क) 1992
(ii) मानसिक क्रांति -> (ख) एक स्थायी योजना
(iii) नीति -> (ग) प्रशासनिक प्रबंध के जनक
(iv) पदोन्नति -> (घ) भर्ती का आंतरिक स्रोत
(v) कार्यशील पूंजी -> (ङ) एफ. डब्ल्यू. टेलर
(vi) लेबलिंग -> (च) चालू संपत्ति - चालू दायित्व
(vii) सेबी (SEBI) की स्थापना -> (छ) वस्तु की जानकारी देना
सही मिलान:
1. हेनरी फेयोल → (ग) प्रशासनिक प्रबंध के जनक
2. मानसिक क्रांति → (ङ) एफ. डब्ल्यू. टेलर (वैज्ञानिक प्रबंध का सार)
3. नीति → (ख) एक स्थायी योजना (बार-बार उपयोग होती है)
4. पदोन्नति → (घ) भर्ती का आंतरिक स्रोत
5. कार्यशील पूंजी → (च) चालू संपत्ति - चालू दायित्व (Working Capital = CA - CL)
6. लेबलिंग → (छ) वस्तु की जानकारी देना (पैकेजिंग पर)
7. सेबी (SEBI) की वैधानिक स्थापना → (क) 1992 (अधिनियम द्वारा)
प्र.5. एक शब्द/वाक्य में उत्तर दीजिए: (1×7 = 7 अंक)
(i) अधिकार अंतरण के कितने तत्व होते हैं?
तीन (अधिकार, उत्तरदायित्व, जवाबदेही)
(ii) चयन प्रक्रिया का अंतिम चरण क्या है?
कार्य पर नियुक्ति (Job Offer/Appointment)
(iii) अंगूरीलता (Grapevine) किस प्रकार के संदेशवाहन से संबंधित है?
अनौपचारिक संदेशवाहन (Informal Communication)
(iv) 'नियंत्रण' का संबंध किस समय काल से है?
भूतकाल और भविष्यकाल दोनों (भूतकाल की गलतियों को भविष्य में सुधारना)
(v) स्थायी पूंजी प्राप्त करने का सबसे महत्वपूर्ण स्रोत क्या है?
समता अंश (Equity Shares)
(vi) 'उपभोक्ता का अधिकार' दिवस कब मनाया जाता है?
15 मार्च (विश्व) / 24 दिसंबर (राष्ट्रीय)
(vii) विपणन का राजा किसे कहा जाता है?
उपभोक्ता/ग्राहक (Consumer)
खण्ड ब: अति लघु उत्तरीय प्रश्न (2 अंक)
प्र.6. प्रबंध की परिभाषा लिखिए।
अथवा
समन्वय को प्रबंध का सार क्यों कहा जाता है?
उत्तर: प्रबंध एक ऐसा पर्यावरण तैयार करने एवं उसे बनाये रखने की प्रक्रिया है जिसमें लोग समूह में कार्य करते हुए चुनिंदा लक्ष्यों को कुशलता से प्राप्त करते हैं।
(अथवा) उत्तर: समन्वय किसी एक कार्य तक सीमित नहीं है, बल्कि यह नियोजन, संगठन, नियुक्तिकरण, निर्देशन और नियंत्रण - सभी कार्यों में व्याप्त है और उन्हें एक सूत्र में पिरोता है। इसलिए इसे प्रबंध का सार कहते हैं।
प्र.7. वैज्ञानिक प्रबंध के दो सिद्धांत लिखिए।
अथवा
समय अध्ययन और गति अध्ययन में दो अंतर लिखिए।
उत्तर:
1. विज्ञान, न कि अंगूठा टेक नियम (Science, not rule of thumb)।
2. सहयोग, न कि टकराव (Harmony, not discord)।
(अथवा) उत्तर:
1. समय अध्ययन में काम करने के मानक समय का निर्धारण होता है, गति अध्ययन में अनावश्यक गतिविधियों को हटाया जाता है।
2. समय अध्ययन के लिए स्टॉप वॉच का प्रयोग होता है, गति अध्ययन के लिए कैमरे का।
प्र.8. व्यावसायिक पर्यावरण के कोई दो आयाम (Dimensions) लिखिए।
अथवा
उदारीकरण (Liberalization) का क्या अर्थ है?
उत्तर:
1. आर्थिक पर्यावरण (ब्याज दरें, मुद्रास्फीति)।
2. सामाजिक पर्यावरण (रीति-रिवाज, मूल्य)।
(अथवा) उत्तर:
उदारीकरण का अर्थ है व्यापार और उद्योग पर लगे अनावश्यक प्रतिबंधों, कोटे और लाइसेंस राज को कम करना या समाप्त करना ताकि व्यवसाय स्वतंत्र रूप से कार्य कर सके।
प्र.9. नियोजन की दो सीमाएं लिखिए।
अथवा
बजट और कार्यक्रम में अंतर लिखिए।
उत्तर:
1. नियोजन में भारी लागत आती है।
2. यह परिवर्तनशील वातावरण में प्रभावी नहीं हो सकता।
(अथवा) उत्तर:
बजट अनुमानित परिणामों का एक विवरण है जो आंकड़ों में व्यक्त किया जाता है, जबकि कार्यक्रम किसी परियोजना को पूरा करने के लिए बनाई गई गतिविधियों की एक विस्तृत रूपरेखा है।
प्र.10. अधिकार अंतरण (Delegation) क्या है?
अथवा
विकेंद्रीकरण (Decentralization) से क्या आशय है?
उत्तर: उच्च अधिकारी द्वारा अपने अधीनस्थ को कार्य सौंपना और उसे पूरा करने के लिए आवश्यक अधिकार प्रदान करना अधिकार अंतरण कहलाता है।
(अथवा) उत्तर: जब संगठन में निर्णय लेने के अधिकार को उच्च स्तर से निम्न स्तर तक व्यवस्थित रूप से वितरित कर दिया जाता है, तो उसे विकेंद्रीकरण कहते हैं।
प्र.11. भर्ती और चयन में दो अंतर लिखिए।
अथवा
प्रशिक्षण और विकास में दो अंतर लिखिए।
उत्तर:
1. भर्ती सकारात्मक प्रक्रिया है, चयन नकारात्मक है।
2. भर्ती में आवेदकों को ढूंढा जाता है, चयन में योग्य को छांटा जाता है।
(अथवा) उत्तर:
1. प्रशिक्षण वर्तमान कार्य के लिए कौशल बढ़ाता है, विकास भविष्य और समग्र व्यक्तित्व के लिए है।
2. प्रशिक्षण कार्य-केंद्रित है, विकास व्यक्ति-केंद्रित है।
प्र.12. निर्देशन के तत्व लिखिए।
अथवा
पर्यवेक्षण (Supervision) का क्या महत्व है?
उत्तर: निर्देशन के चार मुख्य तत्व हैं: 1. पर्यवेक्षण, 2. अभिप्रेरणा, 3. नेतृत्व, 4. संदेशवाहन।
(अथवा) उत्तर:
पर्यवेक्षण यह सुनिश्चित करता है कि कार्य योजना के अनुसार हो रहा है। यह संसाधनों के अपव्यय को रोकता है और कर्मचारियों को मार्गदर्शन देता है।
प्र.13. वित्तीय प्रबंध के दो उद्देश्य लिखिए।
अथवा
पूंजी संरचना (Capital Structure) किसे कहते हैं?
उत्तर:
1. लाभ अधिकतमीकरण (Profit Maximization)।
2. संपदा अधिकतमीकरण (Wealth Maximization) - शेयरधारकों के लिए।
(अथवा) उत्तर:
किसी कंपनी की कुल पूंजी में ऋण (Debt) और समता (Equity) के अनुपात को पूंजी संरचना कहते हैं।
प्र.14. 'ब्रांडिंग' के दो लाभ लिखिए।
अथवा
पैकेजिंग के दो कार्य लिखिए।
उत्तर:
1. उत्पाद की अलग पहचान बनाने में मदद करता है।
2. विज्ञापनों और प्रचार में सहायक होता है।
(अथवा) उत्तर:
1. उत्पाद को सुरक्षा प्रदान करना (टूट-फूट से बचाना)।
2. उत्पाद को आकर्षक बनाना और बिक्री बढ़ाना।
प्र.15. उपभोक्ता के कोई दो अधिकार लिखिए।
अथवा
उपभोक्ता के कोई दो उत्तरदायित्व लिखिए।
उत्तर:
1. सुरक्षा का अधिकार।
2. सूचना पाने का अधिकार।
(अथवा) उत्तर:
1. वस्तु खरीदते समय पक्का बिल मांगना।
2. विज्ञापनों के बहकावे में न आकर विवेकपूर्ण खरीदारी करना।
खण्ड स: लघु उत्तरीय प्रश्न (3 अंक)
प्र.16. औपचारिक और अनौपचारिक संगठन में तीन अंतर लिखिए।
अथवा
कार्यात्मक संगठन और प्रभागीय संगठन में अंतर स्पष्ट कीजिए।
उत्तर संकेत (औपचारिक vs अनौपचारिक):
1. उत्पत्ति: औपचारिक नियमों से बनता है, अनौपचारिक सामाजिक संबंधों से।
2. उद्देश्य: औपचारिक का उद्देश्य लक्ष्य प्राप्ति है, अनौपचारिक का सामाजिक संतुष्टि।
3. संचार: औपचारिक में सोपान श्रृंखला का पालन होता है, अनौपचारिक में नहीं।
(अथवा) उत्तर संकेत (कार्यात्मक vs प्रभागीय):
1. आधार: कार्यात्मक कार्यों (HR, Marketing) पर आधारित है, प्रभागीय उत्पादों (Cosmetics, Garments) पर।
2. लागत: कार्यात्मक में लागत कम आती है (संसाधनों का दोहराव नहीं), प्रभागीय महंगा होता है।
3. उपयुक्तता: कार्यात्मक एक उत्पाद वाली कंपनियों के लिए, प्रभागीय बहु-उत्पाद कंपनियों के लिए।
प्र.17. मौद्रिक और अमौद्रिक अभिप्रेरणाओं में अंतर लिखिए।
अथवा
मास्लो की आवश्यकता प्राथमिकता विचारधारा के सोपानों को समझाइए।
उत्तर संकेत:
मौद्रिक (जैसे वेतन, बोनस) पैसे से जुड़ी होती हैं और शारीरिक/सुरक्षा जरूरतों को पूरा करती हैं। अमौद्रिक (जैसे सम्मान, प्रशंसा, पदोन्नति) मनोवैज्ञानिक संतुष्टि देती हैं।
(अथवा) उत्तर संकेत (मास्लो):
1. शारीरिक आवश्यकताएं (भोजन, वस्त्र)।
2. सुरक्षा आवश्यकताएं (नौकरी की सुरक्षा)।
3. सामाजिक आवश्यकताएं (प्रेम, मित्र)।
4. सम्मान आवश्यकताएं (पद, प्रतिष्ठा)।
5. आत्म-प्राप्ति आवश्यकताएं (क्षमता का पूर्ण विकास)।
प्र.18. प्रभावी नियंत्रण प्रणाली की तीन विशेषताएं लिखिए।
अथवा
नियंत्रण की प्रक्रिया के चरणों को समझाइए।
उत्तर संकेत (विशेषताएं):
1. उद्देश्यपूर्ण: लक्ष्यों की प्राप्ति में सहायक।
2. लोचपूर्ण: बदलती परिस्थितियों के अनुकूल।
3. मितव्ययी: लागत कम होनी चाहिए।
(अथवा) उत्तर संकेत (प्रक्रिया):
1. मानकों का निर्धारण।
2. वास्तविक निष्पादन का मापन।
3. मानकों और वास्तविक निष्पादन की तुलना।
4. विचलन का विश्लेषण और सुधारात्मक कार्यवाही।
प्र.19. स्थायी पूंजी को प्रभावित करने वाले तीन कारक लिखिए।
अथवा
वित्तीय नियोजन का महत्व लिखिए (कोई तीन बिंदु)।
उत्तर संकेत (स्थायी पूंजी कारक):
1. व्यवसाय की प्रकृति: निर्माण उद्योगों में अधिक पूंजी चाहिए।
2. क्रियाओं का पैमाना: बड़े पैमाने पर अधिक पूंजी।
3. तकनीक का चयन: आधुनिक मशीनों के लिए अधिक पूंजी।
(अथवा) उत्तर संकेत (वित्तीय नियोजन महत्व):
1. पर्याप्त निधि की उपलब्धता सुनिश्चित करना।
2. निधियों का इष्टतम उपयोग (अपव्यय रोकना)।
3. वर्तमान और भविष्य में समन्वय स्थापित करना।
खण्ड द: दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (4 अंक)
प्र.20. नियोजन प्रक्रिया के विभिन्न चरणों का वर्णन कीजिए।
अथवा
"नियोजन एक मानसिक अभ्यास है।" इस कथन को स्पष्ट करते हुए नियोजन की चार विशेषताएं लिखिए।
उत्तर संकेत (प्रक्रिया):
1. उद्देश्यों का निर्धारण।
2. विकासशील आधार (Premises) तैयार करना।
3. वैकल्पिक कार्यवाहियों की पहचान करना।
4. विकल्पों का मूल्यांकन।
5. सर्वोत्तम विकल्प का चयन और योजना लागू करना।
(अथवा) उत्तर संकेत (विशेषताएं):
1. लक्ष्य-उन्मुखी।
2. सर्वव्यापक (हर स्तर पर आवश्यक)।
3. निरंतर प्रक्रिया।
4. भविष्यवादी।
प्र.21. भर्ती के बाह्य स्रोतों के लाभ और हानियां लिखिए।
अथवा
कर्मचारी चयन प्रक्रिया के सोपानों का वर्णन कीजिए।
उत्तर संकेत (बाह्य स्रोत):लाभ: योग्य अभ्यर्थी, विस्तृत विकल्प, नया खून (Fresh Talent), प्रतियोगिता की भावना। हानियां: वर्तमान कर्मचारियों में असंतोष, लंबी प्रक्रिया, खर्चीली।
(अथवा) उत्तर संकेत (चयन प्रक्रिया):
1. प्रारंभिक जांच।
2. चयन परीक्षाएं (बुद्धि, अभिरुचि)।
3. रोजगार साक्षात्कार।
4. संदर्भ की जांच।
5. शारीरिक परीक्षण और नियुक्ति पत्र।
प्र.22. विपणन (Marketing) और विक्रय (Selling) में चार अंतर स्पष्ट कीजिए।
अथवा
विज्ञापन के माध्यमों का वर्णन करते हुए किसी एक माध्यम के गुण-दोष लिखिए।
उत्तर संकेत (विपणन vs विक्रय):
1. फोकस: विक्रय का फोकस उत्पाद पर, विपणन का ग्राहक की जरूरतों पर।
2. क्षेत्र: विक्रय संकुचित है (केवल बेचना), विपणन व्यापक है (उत्पादन से पहले शुरू, बिक्री के बाद तक)।
3. उद्देश्य: विक्रय का लाभ बिक्री मात्रा से, विपणन का लाभ ग्राहक संतुष्टि से।
4. शुरुआत: विक्रय उत्पादन के बाद, विपणन उत्पादन से पहले।
प्र.23. उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम के अंतर्गत उपभोक्ताओं को उपलब्ध किन्हीं चार राहतों (Reliefs) का उल्लेख कीजिए।
अथवा
एक आदर्श उपभोक्ता के रूप में आप बाजार से वस्तुएं खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखेंगे? (कोई चार)
उत्तर संकेत (राहतें):
1. माल में त्रुटि को दूर करना।
2. माल को बदलना।
3. चुकाई गई कीमत वापस करना।
4. हानि या चोट के लिए मुआवजा देना।
(अथवा) उत्तर संकेत (ध्यान रखने योग्य बातें):
1. ISI या Agmark जैसे गुणवत्ता चिह्नों की जांच।
2. एक्सपायरी डेट (Expiry Date) चेक करना।
3. पक्का बिल (Cash Memo) मांगना।
4. भ्रामक विज्ञापनों से बचना।
⚠️ डिस्क्लेमर (प्रश्न–उत्तर सम्बन्धी):
इस मॉडल प्रश्न पत्र में दिए गए सभी प्रश्न एवं उत्तर
केवल शैक्षणिक अभ्यास और परीक्षा तैयारी के उद्देश्य से तैयार किए गए हैं।
ये प्रश्न–उत्तर MP Board की आधिकारिक प्रश्न पत्र या उत्तर कुंजी नहीं हैं।
वास्तविक परीक्षा में प्रश्नों की संख्या, क्रम एवं शब्दों में परिवर्तन संभव है।
छात्र परीक्षा में केवल इन प्रश्न–उत्तर पर निर्भर न रहें, बल्कि
आधिकारिक पाठ्यक्रम एवं पुस्तकों का अध्ययन अवश्य करें।
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विवरण
कक्षा: 12वीं (कॉमर्स)
विषय: लेखाशास्त्र (Accountancy)
मॉडल पेपर: Set D
बोर्ड: MP Board
इस Set D मॉडल पेपर के अभ्यास से विद्यार्थी वास्तविक बोर्ड परीक्षा जैसा अनुभव प्राप्त करते हैं, जिससे परीक्षा के समय प्रश्नों को सही रणनीति के साथ हल करने में मदद मिलती है।
Accountancy Model Paper 12th (Set-B) - Sandipani Vidyalaya
कक्षा 12वीं - लेखाशास्त्र
(मॉडल पेपर: सेट-D)
Created by: D Septa | पूर्णांक: 80 | समय: 3 घंटे
खण्ड अ: वस्तुनिष्ठ प्रश्न (32 अंक)
प्र.1. सही विकल्प चुनकर लिखिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) यदि कोई साझेदार प्रत्येक माह के अंत में एक निश्चित राशि आहरित करता है, तो ब्याज की गणना कितने माह के लिए की जाएगी?
(अ) 6 माह(ब) 6.5 माह(स) 5.5 माह(द) 12 माह
👉 (स) 5.5 माह
(ii) सामान्य लाभ पर वास्तविक लाभ का आधिक्य कहलाता है:
(अ) औसत लाभ(ब) अधिलाभ(स) असामान्य लाभ(द) शुद्ध लाभ
👉 (ब) अधिलाभ (Super Profit)
(iii) कंपनी के समापन पर 'आकस्मिक दायित्व' (Contingent Liability) का भुगतान किया जाता है, तो उसे डेबिट किया जाएगा:
(vi) स्वामित्व अनुपात (Proprietary Ratio) का सूत्र है:
(अ) अंशधारी कोष/कुल संपत्तियाँ(ब) कुल संपत्तियाँ/ऋण(स) ऋण/समता(द) चालू संपत्ति/चालू दायित्व
👉 (अ) अंशधारी कोष/कुल संपत्तियाँ (Shareholders Funds / Total Assets)
प्र.2. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) परिवर्तनशील पूँजी पद्धति में साझेदारों के ________ खाते नहीं खोले जाते।
चालू (Current Accounts)
(ii) ख्याति = औसत लाभ × ________।
क्रय के वर्षों की संख्या (Number of years' purchase)
(iii) साझेदार की मृत्यु पर उसे देय राशि का भुगतान उसके ________ को किया जाता है।
वैधानिक उत्तराधिकारी / निष्पादक (Executor)
(iv) समता अंशधारियों को कंपनी की सभा में ________ देने का अधिकार है।
मत (Vote)
(v) ऋणपत्रों पर ब्याज ________ का प्रभार है।
लाभ (Charge against profit)
(vi) 'पेटेंट' और 'ट्रेडमार्क' ________ संपत्तियों के उदाहरण हैं।
अमूर्त (Intangible)
प्र.3. सत्य/असत्य लिखिए: (1×6 = 6 अंक)
(i) ख्याति पर ह्रास लगाया जाता है।
असत्य (इसका अपलेखन/Amortization होता है, ह्रास नहीं)
(ii) नई साझेदारी संलेख बनाना 'साझेदारी का पुनर्गठन' कहलाता है।
सत्य
(iii) फर्म के विघटन पर साझेदारों के ऋण खाते को वसूली खाते में अंतरित किया जाता है।
असत्य (इसे सीधे बैंक/रोकड़ खाते से चुकाया जाता है)
(iv) एक निजी कंपनी प्रवविवरण (Prospectus) जारी नहीं कर सकती।
सत्य
(v) ऋणपत्रों का निर्गमन केवल नकद के लिए ही किया जा सकता है।
असत्य (संपत्ति क्रय या अन्य प्रतिफल के लिए भी हो सकता है)
(vi) लाभांश का भुगतान वित्तीय क्रिया (Financing Activity) है।
सत्य
प्र.4. सही जोड़ी बनाइए: (1×7 = 7 अंक)
(क) -> (ख)
(i) गुप्त ख्याति -> (क) AS-3
(ii) वसूली पर लाभ -> (ख) कंपनी का स्वामी
(iii) साझेदार का दिवालिया होना -> (ग) साझेदारों की कुल पूँजी के आधार पर
(iv) समता अंशधारी -> (घ) अनिवार्य विघटन
(v) ऋणपत्रों पर बट्टा -> (ङ) पूँजीगत हानि
(vi) रोकड़ प्रवाह विवरण -> (च) तरलता अनुपात
(vii) त्वरित अनुपात -> (छ) पूँजी खाते में क्रेडिट
सही मिलान:
(i) गुप्त ख्याति → (ग) साझेदारों की कुल पूँजी के आधार पर
(ii) वसूली पर लाभ → (छ) पूँजी खाते में क्रेडिट
(iii) साझेदार का दिवालिया होना → (घ) अनिवार्य विघटन (यदि सभी दिवालिया हों)
(iv) समता अंशधारी → (ख) कंपनी का स्वामी
(v) ऋणपत्रों पर बट्टा → (ङ) पूँजीगत हानि
(vi) रोकड़ प्रवाह विवरण → (क) AS-3
(vii) त्वरित अनुपात → (च) तरलता अनुपात
प्र.5. एक शब्द/वाक्य में उत्तर दीजिए: (1×7 = 7 अंक)
(i) साझेदारों के मध्य लिखित समझौते को क्या कहते हैं?
साझेदारी संलेख (Partnership Deed)
(ii) नए साझेदार के प्रवेश पर पुराने साझेदारों के लाभ अनुपात में जो कमी होती है, उसे क्या कहते हैं?
त्याग (Sacrifice)
(iii) कंपनी के समापन पर संपत्तियों की बिक्री से प्राप्त राशि को सबसे पहले किसके भुगतान में प्रयोग किया जाता है?
सुरक्षित लेनदारों / समापन व्यय (Secured Creditors/Realisation Exp)
(iv) न्यूनतम अभिदान की राशि कितने दिनों में प्राप्त हो जानी चाहिए?
विवरण पत्रिका जारी होने के 30 दिनों के भीतर (SEBI guidelines के अनुसार)।
(v) आदर्श ऋण-समता अनुपात क्या है?
2:1
(vi) 'आयकर का भुगतान' (Income Tax paid) किस प्रकार की क्रिया है?
प्रचालन क्रिया (Operating Activity)
(vii) क्या अंशों का निर्गमन बट्टे पर किया जा सकता है?
नहीं (कंपनी अधिनियम 2013 की धारा 53 के अनुसार, स्वेट इक्विटी को छोड़कर)।
खण्ड ब: अति लघु उत्तरीय प्रश्न (2 अंक)
प्र.6. साझेदारी की परिभाषा (भारतीय साझेदारी अधिनियम 1932 के अनुसार) लिखिए।
अथवा
आहरण पर ब्याज की गणना की 'उत्पाद विधि' (Product Method) क्या है?
उत्तर: "साझेदारी उन व्यक्तियों के बीच का संबंध है जो किसी ऐसे कारोबार के लाभ को बांटने के लिए सहमत हुए हैं, जो उन सबके द्वारा या उन सब की ओर से उनमें से किसी एक के द्वारा चलाया जाता है।" (धारा 4)।
उत्तर: जब साझेदार अलग-अलग तिथियों पर अलग-अलग राशि निकालते हैं, तो प्रत्येक आहरण की राशि को उसके उपयोग की अवधि (माह/दिन) से गुणा करके 'गुणनफल' निकाला जाता है। कुल गुणनफल पर 1 माह (या 1 दिन) का ब्याज लगाया जाता है।
प्र.7. ख्याति के मूल्यांकन की आवश्यकता क्यों होती है? (कोई दो कारण)
अथवा
अधिलाभ (Super Profit) विधि का सूत्र लिखिए।
उत्तर: 1. जब लाभ-विभाजन अनुपात में परिवर्तन होता है।
2. जब कोई नया साझेदार प्रवेश करता है। (या सेवानिवृत्ति/मृत्यु पर)।
उत्तर: ख्याति = अधिलाभ × क्रय के वर्षों की संख्या।
(जहाँ अधिलाभ = वास्तविक औसत लाभ - सामान्य लाभ)।
प्र.8. नए साझेदार के प्रवेश पर 'त्याग अनुपात' की गणना क्यों की जाती है?
अथवा
साझेदारी के पुनर्गठन से आप क्या समझते हैं?
उत्तर: नए साझेदार द्वारा लाई गई ख्याति (प्रीमियम) की राशि को पुराने साझेदारों के बीच बांटने के लिए त्याग अनुपात की गणना की जाती है, क्योंकि उन्होंने अपने लाभ का हिस्सा नए साझेदार के लिए त्यागा है।
उत्तर: साझेदारों के मध्य विद्यमान समझौते में किसी भी प्रकार का परिवर्तन, जिससे फर्म का अस्तित्व तो बना रहे लेकिन साझेदारों के संबंध बदल जाएं, साझेदारी का पुनर्गठन कहलाता है।
प्र.9. फर्म के विघटन पर 'अलिखित संपत्ति' (Unrecorded Asset) का लेखा कैसे किया जाता है?
अथवा
साझेदार के ऋण खाते का निपटारा कैसे किया जाता है?
उत्तर: यदि अलिखित संपत्ति बेची जाती है, तो 'Bank A/c Dr. To Realisation A/c' और यदि कोई साझेदार ले लेता है, तो 'Partner's Capital A/c Dr. To Realisation A/c' प्रविष्टि की जाती है।
उत्तर: साझेदार का ऋण बाहरी दायित्वों के भुगतान के बाद और पूँजी वापसी से पहले चुकाया जाता है। इसे सीधे बैंक/रोकड़ खाते से भुगतान किया जाता है, वसूली खाते में अंतरित नहीं किया जाता।
प्र.10. समता अंश और पूर्वाधिकार अंश में दो अंतर लिखिए।
अथवा
अंशों के 'अल्प-अभिदान' (Under Subscription) से क्या आशय है?
उत्तर: 1. लाभांश: पूर्वाधिकार अंशों पर लाभांश की दर निश्चित होती है और पहले मिलती है, समता पर अनिश्चित और बाद में।
2. मताधिकार: समता अंशधारियों को वोट देने का अधिकार है, पूर्वाधिकार को नहीं।
उत्तर: जब कंपनी द्वारा जनता को जारी किए गए अंशों की तुलना में कम अंशों के लिए आवेदन पत्र प्राप्त होते हैं, तो इसे अल्प-अभिदान कहते हैं।
प्र.11. ऋणपत्रों के निर्गमन पर 'बट्टा' क्या है?
अथवा
शोधनीय (Redeemable) ऋणपत्र किसे कहते हैं?
उत्तर: जब ऋणपत्रों को उनके अंकित मूल्य (Face Value) से कम मूल्य पर जारी किया जाता है, तो अंतर की राशि को 'ऋणपत्रों के निर्गमन पर बट्टा' कहते हैं। यह कंपनी के लिए पूँजीगत हानि है।
उत्तर: वे ऋणपत्र जिनका भुगतान कंपनी को एक निश्चित अवधि के बाद करना अनिवार्य होता है, शोधनीय ऋणपत्र कहलाते हैं।
प्र.12. क्षैतिज विश्लेषण (Horizontal Analysis) किसे कहते हैं?
अथवा
वित्तीय विवरणों की दो सीमाएं लिखिए।
उत्तर: जब कई वर्षों के वित्तीय विवरणों (तुलनात्मक विवरण) का साथ-साथ विश्लेषण किया जाता है, तो उसे क्षैतिज या गतिशील विश्लेषण कहते हैं।
उत्तर: 1. ये मूल्य स्तर में परिवर्तनों (महंगाई) को प्रकट नहीं करते।
2. ये गुणात्मक पहलुओं (जैसे प्रबंधन की कुशलता) की उपेक्षा करते हैं।
सकल लाभ अनुपात (Gross Profit Ratio) का सूत्र लिखिए।
उत्तर: यह अनुपात दर्शाता है कि संस्था अपनी कार्यशील पूँजी का उपयोग बिक्री (राजस्व) बढ़ाने में कितनी कुशलता से कर रही है। ऊँचा अनुपात बेहतर कुशलता दर्शाता है।
सूत्र: (सकल लाभ / प्रचालन से शुद्ध राजस्व) × 100
(Gross Profit / Net Revenue from Operations) × 100
प्र.14. रोकड़ प्रवाह विवरण के अनुसार 'निवेश क्रियाओं' के दो उदाहरण दीजिए।
अथवा
वित्तीय क्रियाओं से रोकड़ प्रवाह का क्या अर्थ है?
उत्तर: 1. स्थायी संपत्तियों (मशीन, भवन) का क्रय।
2. अन्य कंपनियों के शेयरों या ऋणपत्रों में निवेश करना (क्रय)।
उत्तर: उन क्रियाओं से रोकड़ का आना या जाना जो कंपनी की पूँजी संरचना (Shares, Debentures, Loans) और उधार लेने की गतिविधियों से संबंधित हैं।
प्र.15. रोकड़ और रोकड़ तुल्य में शामिल किन्हीं दो मदों के नाम लिखिए।
अथवा
रोकड़ प्रवाह विवरण का एक महत्व लिखिए।
उत्तर: 1. हाथ में रोकड़ (Cash in hand)।
2. बैंक में रोकड़ (Cash at Bank)। (या ट्रेजरी बिल्स)।
उत्तर: यह अल्पावधि वित्तीय नियोजन और नकदी प्रबंधन में सहायक है।
खण्ड स: लघु उत्तरीय प्रश्न (3 अंक)
प्र.16. ख्याति की प्रकृति को प्रभावित करने वाले तीन कारक लिखिए।
अथवा
अ, ब, स साझेदार हैं। उनका लाभ अनुपात 2:2:1 है। द को 1/6 भाग के लिए प्रवेश दिया गया। अ, ब, स ने अपने हिस्से का त्याग नहीं किया। नया लाभ विभाजन अनुपात ज्ञात कीजिए (यदि केवल प्रश्न मौन है)।
उत्तर: 1. व्यवसाय का स्थान: यदि व्यवसाय मुख्य बाजार में स्थित है, तो ग्राहक अधिक आएंगे और ख्याति अधिक होगी।
2. प्रबंधन की कुशलता: कुशल प्रबंधन से लागत कम और लाभ अधिक होता है, जिससे ख्याति बढ़ती है।
3. वस्तु की प्रकृति: यदि वस्तु दैनिक उपभोग की है और मांग स्थिर है, तो ख्याति अधिक होगी।
हल:
माना कुल लाभ = 1।
द का हिस्सा = 1/6।
शेष लाभ = 1 - 1/6 = 5/6。
यह शेष लाभ अ, ब, स अपने पुराने अनुपात (2:2:1) में बांटेंगे।
अ का नया = 5/6 × 2/5 = 10/30
ब का नया = 5/6 × 2/5 = 10/30
स का नया = 5/6 × 1/5 = 5/30
द का हिस्सा = 1/6 = 5/30
नया अनुपात = 10:10:5:5 = **2:2:1:1**।
प्र.17. अंशों के 'आनुपातिक आबंटन' (Pro-rata Allotment) को समझाइए।
अथवा
अंशों के हरण (Forfeiture) की जर्नल प्रविष्टि का प्रारूप समझाइए।
उत्तर: जब कंपनी के पास जारी किए गए अंशों से अधिक आवेदन आते हैं (अधि-अभिदान), तो कंपनी सभी आवेदकों को निराश न करके उन्हें उनके आवेदित अंशों के अनुपात में कम अंश आवंटित करती है। इसे आनुपातिक आबंटन कहते हैं। उदाहरण: 1000 आवेदन के बदले 500 अंश देना (2:1 अनुपात)। अतिरिक्त राशि को आबंटन में समायोजित किया जाता है।
Journal Entry for Forfeiture (Par):
Share Capital A/c ... Dr. (With called up amount)
To Unpaid Call A/c (Amount not received)
To Share Forfeiture A/c (Amount received) (Being shares forfeited for non-payment of call)
प्र.18. अनुपात विश्लेषण की तीन सीमाएँ लिखिए।
अथवा
चालू अनुपात 2.5:1 है और चालू दायित्व ₹40,000 हैं। चालू संपत्तियाँ और कार्यशील पूँजी ज्ञात कीजिए।
उत्तर: 1. गुणात्मक तत्वों की उपेक्षा: यह केवल संख्याओं पर ध्यान देता है, कर्मचारियों की कुशलता आदि पर नहीं।
2. मूल्य स्तर में परिवर्तन: मुद्रास्फीति के कारण अलग-अलग समय के आंकड़ों की तुलना भ्रामक हो सकती है।
3. खिड़की प्रदर्शन (Window Dressing): खातों में हेरफेर करके अनुपात को बेहतर दिखाया जा सकता है।
हल:
Current Ratio = CA / CL
2.5 = CA / 40,000
CA = 2.5 × 40,000 = **₹1,00,000** (चालू संपत्ति)।
Working Capital = CA - CL
= 1,00,000 - 40,000 = **₹60,000** (कार्यशील पूँजी)।
प्र.19. रोकड़ प्रवाह विवरण बनाने के कोई तीन उद्देश्य लिखिए।
अथवा
निम्न मदों को रोकड़ प्रवाह विवरण के शीर्षकों (Operating, Investing, Financing) में वर्गीकृत कीजिए: (i) ऋणपत्रों का निर्गमन (ii) वेतन का भुगतान (iii) मशीनरी का विक्रय
उत्तर: 1. रोकड़ के स्रोतों और उपयोगों की जानकारी प्राप्त करना।
2. भविष्य की रोकड़ आवश्यकताओं का अनुमान लगाना।
3. व्यवसाय की तरलता और शोधन क्षमता का मूल्यांकन करना।
उत्तर:
(i) ऋणपत्रों का निर्गमन: वित्तीय क्रिया (Financing Activity)
(ii) वेतन का भुगतान: प्रचालन क्रिया (Operating Activity)
(iii) मशीनरी का विक्रय: निवेश क्रिया (Investing Activity)
खण्ड द: दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (4 अंक)
प्र.20. राम और श्याम साझेदार हैं। उन्होंने मोहन को प्रवेश दिया। मोहन ₹15,000 ख्याति के लिए लाया। राम और श्याम ने यह राशि व्यवसाय से निकाल ली (Withdraw)। जर्नल प्रविष्टियाँ कीजिए (मान लीजिए त्याग अनुपात पुराना ही है)।
अथवा
साझेदारी संलेख के मुख्य तत्वों (Contents) का वर्णन कीजिए। (कोई चार)
हल (Journal Entries):
1. Bank A/c Dr. 15,000
To Premium for Goodwill A/c 15,000 (Goodwill brought in cash)
2. Premium for Goodwill A/c Dr. 15,000
To Ram's Capital A/c 7,500
To Shyam's Capital A/c 7,500 (Goodwill distributed in sacrifice ratio, assumed equal/old)
3. Ram's Capital A/c Dr. 7,500
Shyam's Capital A/c Dr. 7,500
To Bank A/c 15,000 (Goodwill withdrawn by old partners)
उत्तर: 1. फर्म का नाम व पता: फर्म का नाम और मुख्य कार्यालय का पता।
2. साझेदारों के नाम व पते: सभी साझेदारों का विवरण।
3. लाभ-विभाजन अनुपात: लाभ-हानि किस अनुपात में बंटेगा।
4. पूँजी पर ब्याज: क्या पूँजी पर ब्याज दिया जाएगा, यदि हाँ तो किस दर से।
प्र.21. अ, ब और स (3:2:1) साझेदार हैं। 'ब' सेवानिवृत्त होता है। चिट्ठे में सामान्य संचय (General Reserve) ₹12,000 और लाभ-हानि खाता (Dr. Balance/Loss) ₹6,000 था। समायोजन प्रविष्टि कीजिए।
अथवा
वसूली खाता (Realisation A/c) बनाने की विधि/प्रक्रिया समझाइए।
हल:
1. सामान्य संचय बांटने पर:
General Reserve A/c Dr. 12,000
To A's Capital (6000)
To B's Capital (4000)
To C's Capital (2000)
2. हानि बांटने पर:
A's Capital Dr. 3000
B's Capital Dr. 2000
C's Capital Dr. 1000
To P&L A/c 6000 (Accumulated profit and loss distributed in old ratio 3:2:1)
उत्तर: 1. सभी संपत्तियों (रोकड़ छोड़कर) को वसूली खाते के डेबिट पक्ष में पुस्तक मूल्य पर हस्तांतरित करते हैं।
2. सभी बाहरी दायित्वों को क्रेडिट पक्ष में हस्तांतरित करते हैं।
3. संपत्तियों की बिक्री से प्राप्त राशि को क्रेडिट पक्ष में (By Bank) लिखते हैं।
4. दायित्वों के भुगतान को डेबिट पक्ष में (To Bank) लिखते हैं।
5. अंतर की राशि लाभ या हानि होती है जिसे साझेदारों में बांट दिया जाता है।
प्र.22. एक कंपनी ने ₹10 वाले 1000 अंश ₹2 प्रति अंश प्रीमियम पर निर्गमित किए। राशि एकमुश्त (Lumpsum) प्राप्त हुई। जर्नल प्रविष्टि कीजिए।
अथवा
अंशों के हरण (Forfeiture) और रद्दीकरण के बाद 'पूँजी संचय' (Capital Reserve) की गणना कैसे की जाती है? एक उदाहरण से समझाइए।
हल:
कुल राशि = 1000 × (10+2) = 12,000.
1. Bank A/c Dr. 12,000
To Share App. & Allotment A/c 12,000
2. Share App. & Allotment A/c Dr. 12,000
To Share Capital A/c (1000×10) 10,000
To Securities Premium A/c (1000×2) 2,000
उत्तर: जब जब्त किए गए अंश पुनः निर्गमित (Reissue) किए जाते हैं, तो 'Share Forfeiture A/c' में बची हुई शेष राशि को 'Capital Reserve' में डाला जाता है। सूत्र: (जब्त की गई राशि) - (पुनः निर्गमन पर दी गई छूट) = पूँजी संचय। उदाहरण: 100 अंशों पर ₹6 प्राप्त हुए (₹600 जब्त)। इन्हें ₹8 में (₹2 छूट पर) फिर बेचा। छूट = ₹200। पूँजी संचय = 600 - 200 = ₹400।
प्र.23. एक्स लिमिटेड ने ₹1,00,000 की मशीन खरीदी और भुगतान में ₹100 वाले 10% ऋणपत्र 25% प्रीमियम पर जारी किए। जर्नल प्रविष्टियाँ कीजिए।
अथवा
रोकड़ प्रवाह विवरण तैयार करने की 'अप्रत्यक्ष विधि' (Indirect Method) का प्रारूप समझाइए।
हल:
क्रय मूल्य = 1,00,000। निर्गमन मूल्य = 100 + 25 = 125।
ऋणपत्रों की संख्या = 1,00,000 / 125 = 800 ऋणपत्र।
1. Machinery A/c Dr. 1,00,000
To Vendor A/c 1,00,000
2. Vendor A/c Dr. 1,00,000
To 10% Debentures A/c (800×100) 80,000
To Securities Premium A/c (800×25) 20,000
प्रारूप (संक्षेप में):
1. Net Profit before Tax: से शुरू करें।
2. Adjustments: गैर-रोकड़ और गैर-प्रचालन मदें (जैसे ह्रास, ब्याज) जोड़ें/घटाएं → Operating Profit.
3. Working Capital Changes: चालू दायित्व वृद्धि/चालू संपत्ति कमी को जोड़ें, और विपरीत को घटाएं → Cash from Operations.
(इसके बाद निवेश और वित्तीय क्रियाओं का हिसाब अलग से होता है)।
⚠️ डिस्क्लेमर (प्रश्न–उत्तर सम्बन्धी):
इस मॉडल प्रश्न पत्र में दिए गए सभी प्रश्न एवं उत्तर
केवल शैक्षणिक अभ्यास और परीक्षा तैयारी के उद्देश्य से तैयार किए गए हैं।
ये प्रश्न–उत्तर MP Board की आधिकारिक प्रश्न पत्र या उत्तर कुंजी नहीं हैं।
वास्तविक परीक्षा में प्रश्नों की संख्या, क्रम एवं शब्दों में परिवर्तन संभव है।
छात्र परीक्षा में केवल इन प्रश्न–उत्तर पर निर्भर न रहें, बल्कि
आधिकारिक पाठ्यक्रम एवं पुस्तकों का अध्ययन अवश्य करें।