MP Board Class 11th Biology Blueprint, Notes & Important Diagrams 2026-27 | कक्षा 11वीं जीव विज्ञान नोट्स, नामांकित चित्र एवं अंक योजना
- MP Board Class 11th Biology Blueprint 2026-27
- Class 11th Biology Notes in Hindi MPBSE
- MP Board 11th Biology Important Diagrams and Questions
- कक्षा 11वीं जीव विज्ञान नोट्स एवं चित्र
- MPBSE 11th Biology Model Paper and Solution 2026-27
माध्यमिक शिक्षा मण्डल, म.प्र. (MPBSE) सत्र 2026-27: कक्षा 11वीं जीव विज्ञान अध्ययन सामग्री
माध्यमिक शिक्षा मण्डल, मध्यप्रदेश द्वारा शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए कक्षा 11वीं वार्षिक परीक्षा का आधिकारिक ब्लूप्रिंट (अंक योजना) जारी कर दिया गया है। कक्षा 11वीं जीव विज्ञान (Biology) न केवल वार्षिक परीक्षा की दृष्टि से एक महत्वपूर्ण विषय है, बल्कि यह कक्षा 12वीं के आधार तथा मेडिकल प्रवेश परीक्षा (NEET) के सम्पूर्ण पाठ्यक्रम की मुख्य आधारशिला भी है।
विद्यार्थियों और शिक्षकों की परीक्षा तैयारी को सुव्यवस्थित, सटीक और सरल बनाने के लिए यहाँ कक्षा 11वीं जीव विज्ञान (वनस्पति विज्ञान एवं प्राणी विज्ञान) की नवीनतम अंक योजना पर आधारित AI-असिस्टेड संक्षिप्त नोट्स, महत्वपूर्ण नामांकित रेखाचित्र (Labeled Diagrams), वर्गीकरण चार्ट एवं परीक्षा-उपयोगी अभ्यास प्रश्नोत्तर उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
कक्षा 11वीं जीव विज्ञान (Biology)
सम्पूर्ण सरल नोट्स एवं अभ्यास प्रश्नोत्तर
माध्यमिक शिक्षा मण्डल, मध्यप्रदेश, भोपाल | हायर सेकेण्डरी परीक्षा सत्र 2026-27
पूर्णांक — 70 | समय — 3:00 घंटे
अंक योजना एवं प्रश्न-पत्र संरचना
| क्र. | इकाई / अध्याय | आवंटित अंक |
|---|---|---|
| 1 |
जीव जगत में विविधता — 1. जीव जगत 2. जीव जगत का वर्गीकरण 3. वनस्पति जगत 4. प्राणी जगत |
12 |
| 2 |
पादप एवं प्राणियों में संरचनात्मक संगठन — 5. पुष्पी पादपों की आकारिकी 6. पुष्पी पादपों का शरीर 7. प्राणियों में संरचनात्मक संगठन |
14 |
| 3 |
कोशिका संरचना एवं कार्य — 8. कोशिकाः जीवन की इकाई 9. जैव अणु 10. कोशिका चक्र और कोशिका विभाजन |
12 |
| 4 |
पादप कार्यकीय (शरीर क्रियात्मकता) — 11. उच्च पादपों में प्रकाश संश्लेषण 12. पादप में श्वसन 13. पादप वृद्धि एवं परिवर्धन |
14 |
| 5 |
मानव शरीर विज्ञान — 14. श्वसन और गैसों का विनिमय 15. शरीर द्रव तथा परिसंचरण 16. उत्सर्जी उत्पाद एवं उनका निष्कासन 17. गमन एवं संचलन 18. तांत्रकीय नियंत्रण एवं समन्वय 19. रासायनिक समन्वय तथा एकीकरण |
18 |
| कुल योग | 70 | |
| प्रश्न क्रमांक | प्रकार | प्रश्न संख्या | कुल अंक |
|---|---|---|---|
| 1 | सही विकल्प | 06 | 06 |
| 2 | रिक्त स्थान | 06 | 06 |
| 3 | सत्य / असत्य | 06 | 06 |
| 4 | सही जोड़ी | 05 | 05 |
| 5 | एक वाक्य में उत्तर | 05 | 05 |
| 6–12 | लघु उत्तरीय | 07 | 14 |
| 13–16 | मध्यम उत्तरीय | 04 | 12 |
| 17–20 | दीर्घ उत्तरीय | 04 | 16 |
इकाई 1 — जीव जगत में विविधता (12 अंक)
अध्याय 1 — जीव जगत
1. जीव विज्ञान का अर्थ
जीव विज्ञान जीवों की संरचना, संगठन, कार्य, वृद्धि, जनन, विकास, वर्गीकरण तथा पर्यावरण के साथ उनके संबंधों का अध्ययन है।
2. जीवों की प्रमुख विशेषताएँ
- वृद्धि
- जनन
- उपापचय
- उत्तेजनशीलता
- संगठन का जटिल स्तर
- पर्यावरण के साथ अंतःक्रिया
3. वृद्धि
जीवों में कोशिकाओं की संख्या या आकार में वृद्धि होना वृद्धि कहलाता है। बहुकोशिकीय जीवों में वृद्धि सामान्यतः कोशिका विभाजन से संबंधित होती है।
4. जनन
अपने समान नई संतति उत्पन्न करने की जैविक प्रक्रिया जनन कहलाती है। यह जीवों की निरंतरता के लिए महत्वपूर्ण है।
5. उपापचय
जीवों में होने वाली सभी रासायनिक अभिक्रियाओं का सामूहिक रूप उपापचय कहलाता है।
6. वर्गिकी
जीवों की पहचान, नामकरण और वर्गीकरण का अध्ययन वर्गिकी कहलाता है।
7. द्विनाम पद्धति
वैज्ञानिक नामकरण में प्रत्येक जीव का नाम दो शब्दों से मिलकर बना होता है—पहला वंश नाम और दूसरा जाति विशेषण।
8. वर्गिकी श्रेणियाँ
जगत → संघ → वर्ग → गण → कुल → वंश → जाति।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 2 — जीव जगत का वर्गीकरण
1. पंच-जगत वर्गीकरण
जीवों को पाँच जगतों—Monera, Protista, Fungi, Plantae और Animalia—में बाँटने का प्रस्ताव पाँच-जगत वर्गीकरण के रूप में जाना जाता है।
| जगत | मुख्य विशेषता |
|---|---|
| Monera | प्रोकैरियोटिक जीव |
| Protista | मुख्यतः एककोशिकीय यूकैरियोट |
| Fungi | परपोषी, कोशिका भित्ति में काइटिन |
| Plantae | बहुकोशिकीय, सामान्यतः स्वपोषी |
| Animalia | बहुकोशिकीय, परपोषी |
2. मोनेरा
जीवाणु जैसे प्रोकैरियोटिक जीव मोनेरा में रखे जाते हैं। इनमें सुसंगठित केंद्रक नहीं होता।
3. प्रोटिस्टा
अधिकांश एककोशिकीय यूकैरियोटिक जीव इस जगत में रखे जाते हैं।
4. कवक
कवक परपोषी होते हैं और सामान्यतः मृत कार्बनिक पदार्थ से पोषण प्राप्त करते हैं।
5. वायरस
वायरस अकोशिकीय संरचनाएँ हैं जो जीवित कोशिका के अंदर ही सक्रिय रूप से अपनी प्रतिकृति बना सकते हैं।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 3 — वनस्पति जगत
1. पादप जगत
पादपों का वर्गीकरण उनकी शारीरिक संरचना, संवहनी ऊतक, बीज निर्माण तथा प्रजनन विशेषताओं के आधार पर किया जाता है।
2. शैवाल
मुख्यतः जलीय, प्रकाश संश्लेषी और साधारण पादप शरीर वाले जीव शैवाल कहलाते हैं।
3. ब्रायोफाइटा
इन्हें पादप जगत के उभयचर कहा जाता है क्योंकि ये सामान्यतः स्थलीय होते हुए भी निषेचन के लिए जल पर निर्भर रहते हैं।
4. प्टेरिडोफाइटा
इनमें संवहनी ऊतक पाए जाते हैं, लेकिन बीज नहीं बनते।
5. जिम्नोस्पर्म
इनमें बीज नग्न होते हैं, अर्थात बीजांड फल के अंदर बंद नहीं होते।
6. एंजियोस्पर्म
फूल और फल बनाने वाले बीजधारी पादप एंजियोस्पर्म कहलाते हैं।
7. द्विबीजपत्री और एकबीजपत्री
| द्विबीजपत्री | एकबीजपत्री |
|---|---|
| दो बीजपत्र | एक बीजपत्र |
| जालिकावत शिराविन्यास | समानांतर शिराविन्यास |
| मूल सामान्यतः मुख्य जड़ | सामान्यतः रेशेदार मूल |
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 4 — प्राणी जगत
1. प्राणियों का वर्गीकरण
प्राणियों को शरीर संगठन, सममिति, भ्रूणीय स्तर, देहगुहा और अन्य संरचनात्मक विशेषताओं के आधार पर विभिन्न संघों में विभाजित किया जाता है।
2. प्रमुख संघ
| संघ | विशेषता |
|---|---|
| Porifera | छिद्रयुक्त शरीर |
| Cnidaria | दंश कोशिकाएँ |
| Platyhelminthes | चपटे कृमि |
| Nematoda | गोल कृमि |
| Annelida | खंडित शरीर |
| Arthropoda | जोड़दार उपांग |
| Mollusca | कोमल शरीर |
| Echinodermata | कंटकयुक्त त्वचा |
| Chordata | नोटोकार्ड की उपस्थिति |
3. सममिति
शरीर को समान भागों में विभाजित करने की व्यवस्था सममिति कहलाती है। यह असममित, त्रिज्यीय या द्विपार्श्वीय हो सकती है।
4. देहगुहा
आंतरिक अंगों और शरीर भित्ति के बीच उपस्थित गुहा देहगुहा कहलाती है।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
इकाई 2 — पादप एवं प्राणियों में संरचनात्मक संगठन (14 अंक)
अध्याय 5 — पुष्पी पादपों की आकारिकी
1. जड़
जड़ सामान्यतः भूमिगत संरचना है जो पौधे को मिट्टी में स्थिर करती है और जल तथा खनिजों के अवशोषण में सहायता करती है।
2. तना
तना पौधे की शाखाओं, पत्तियों, फूल और फलों को सहारा देता है तथा पदार्थों के परिवहन में सहायता करता है।
3. पत्ती
पत्ती सामान्यतः प्रकाश संश्लेषण का प्रमुख अंग है। इसमें पर्णवृंत और पर्णफलक होते हैं।
4. पुष्प
फूल आवृतबीजी पौधों का लैंगिक प्रजनन अंग है।
5. पुष्प के चार चक्र
- दलपुंज
- पुष्पदलपुंज
- पुंकेसर
- स्त्रीकेसर
6. फल और बीज
निषेचन के बाद अंडाशय फल तथा बीजांड बीज में परिवर्तित होते हैं।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 6 — पुष्पी पादपों का शरीर
1. पादप ऊतक
समान उत्पत्ति, संरचना और कार्य वाली कोशिकाओं के समूह को ऊतक कहते हैं।
2. विभज्योतक ऊतक
- शीर्षस्थ विभज्योतक
- अंतर्वेशी विभज्योतक
- पार्श्व विभज्योतक
3. स्थायी ऊतक
- पैरेन्काइमा
- कोलेन्काइमा
- स्क्लेरेन्काइमा
4. जटिल ऊतक
जाइलम और फ्लोएम जटिल स्थायी ऊतक हैं।
| ऊतक | मुख्य कार्य |
|---|---|
| जाइलम | जल एवं खनिजों का परिवहन |
| फ्लोएम | भोजन का परिवहन |
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 7 — प्राणियों में संरचनात्मक संगठन
1. जंतु ऊतक
- उपकला ऊतक
- संयोजी ऊतक
- पेशीय ऊतक
- तंत्रिका ऊतक
2. उपकला ऊतक
शरीर की बाहरी सतह और आंतरिक अंगों की सतह को ढकने वाला ऊतक उपकला कहलाता है।
3. संयोजी ऊतक
शरीर के विभिन्न अंगों को जोड़ने और सहारा देने वाला ऊतक संयोजी ऊतक है।
4. पेशीय ऊतक
शरीर में गति और संकुचन उत्पन्न करने वाले ऊतक पेशीय ऊतक हैं।
5. तंत्रिका ऊतक
तंत्रिका ऊतक उद्दीपन को ग्रहण और संचरित करता है।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
इकाई 3 — कोशिका संरचना एवं कार्य (12 अंक)
अध्याय 8 — कोशिकाः जीवन की इकाई
1. कोशिका सिद्धांत
कोशिका सभी जीवों की संरचनात्मक और क्रियात्मक इकाई है। सभी जीव कोशिकाओं से बने हैं और नई कोशिकाएँ पूर्ववर्ती कोशिकाओं से उत्पन्न होती हैं।
2. प्रोकैरियोटिक कोशिका
इनमें स्पष्ट झिल्लीबद्ध केंद्रक और झिल्लीबद्ध कोशिकांग नहीं होते।
3. यूकैरियोटिक कोशिका
इनमें झिल्लीबद्ध केंद्रक और विभिन्न झिल्लीबद्ध कोशिकांग पाए जाते हैं।
4. प्रमुख कोशिकांग
| कोशिकांग | कार्य |
|---|---|
| केंद्रक | आनुवंशिक पदार्थ का नियंत्रण |
| माइटोकॉण्ड्रिया | ATP उत्पादन |
| राइबोसोम | प्रोटीन संश्लेषण |
| ER | संश्लेषण एवं परिवहन |
| गोल्जी तंत्र | संशोधन, पैकेजिंग और स्राव |
| लाइसोसोम | अंतःकोशिकीय पाचन |
| क्लोरोप्लास्ट | प्रकाश संश्लेषण |
| वैक्यूल | भंडारण और परासरणीय संतुलन |
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 9 — जैव अणु
1. कार्बोहाइड्रेट
कार्बोहाइड्रेट मुख्यतः कार्बन, हाइड्रोजन और ऑक्सीजन से बने जैव अणु हैं।
2. प्रोटीन
प्रोटीन अमीनो अम्लों से बने बहुलक हैं और शरीर में संरचनात्मक, एंजाइमी तथा अन्य महत्वपूर्ण कार्य करते हैं।
3. लिपिड
लिपिड जल में सामान्यतः अघुलनशील कार्बनिक पदार्थ हैं। इनमें वसा, तेल और फॉस्फोलिपिड शामिल हैं।
4. न्यूक्लिक अम्ल
DNA और RNA आनुवंशिक सूचना से संबंधित प्रमुख न्यूक्लिक अम्ल हैं।
5. एंजाइम
अधिकांश एंजाइम प्रोटीन प्रकृति के जैव उत्प्रेरक हैं जो रासायनिक अभिक्रियाओं की दर बढ़ाते हैं।
| जैव अणु | मुख्य कार्य |
|---|---|
| कार्बोहाइड्रेट | ऊर्जा एवं संरचनात्मक कार्य |
| प्रोटीन | संरचना, एंजाइम, परिवहन आदि |
| लिपिड | ऊर्जा भंडारण एवं झिल्ली निर्माण |
| न्यूक्लिक अम्ल | आनुवंशिक सूचना |
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 10 — कोशिका चक्र और कोशिका विभाजन
1. कोशिका चक्र
एक कोशिका विभाजन से अगले विभाजन तक होने वाली घटनाओं की क्रमिक श्रृंखला कोशिका चक्र कहलाती है।
2. इंटरफेज
- G₁ चरण
- S चरण
- G₂ चरण
3. M चरण
इस चरण में केंद्रक विभाजन और कोशिका द्रव्य विभाजन होता है।
4. समसूत्री विभाजन
माइटोसिस में एक मातृ कोशिका से दो आनुवंशिक रूप से समान पुत्री कोशिकाएँ बनती हैं।
5. अर्धसूत्री विभाजन
मीयोसिस में गुणसूत्र संख्या आधी हो जाती है और यह लैंगिक जनन के लिए आवश्यक है।
6. माइटोसिस की अवस्थाएँ
प्रोफेज → मेटाफेज → एनाफेज → टेलोफेज।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
इकाई 4 — पादप कार्यकीय (शरीर क्रियात्मकता) (14 अंक)
अध्याय 11 — उच्च पादपों में प्रकाश संश्लेषण
1. प्रकाश संश्लेषण
हरे पादप प्रकाश ऊर्जा की सहायता से कार्बन डाइऑक्साइड और जल से कार्बोहाइड्रेट का निर्माण करते हैं। इस प्रक्रिया को प्रकाश संश्लेषण कहते हैं।
2. क्लोरोफिल
क्लोरोफिल प्रकाश ऊर्जा के अवशोषण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
3. प्रकाश अभिक्रिया
प्रकाश अभिक्रियाएँ थायलाकोइड झिल्लियों पर होती हैं। ATP और NADPH बनते हैं तथा जल के विघटन से ऑक्सीजन मुक्त होती है।
4. अंधकार अभिक्रिया
कार्बन स्थिरीकरण और शर्करा निर्माण की प्रक्रियाएँ स्ट्रोमा में होती हैं।
5. C₃ और C₄ पौधे
C₃ पौधों में पहला स्थिर उत्पाद तीन कार्बन वाला यौगिक होता है। C₄ पौधों में प्रारंभिक स्थिरीकरण चार कार्बन वाले यौगिक में होता है।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 12 — पादप में श्वसन
1. श्वसन
भोजन के जैविक ऑक्सीकरण से ऊर्जा मुक्त होने की प्रक्रिया श्वसन कहलाती है।
2. ग्लाइकोलिसिस
ग्लूकोज का पाइरुवेट में विघटन ग्लाइकोलिसिस कहलाता है। यह कोशिकाद्रव्य में होता है।
3. वायवीय श्वसन
ऑक्सीजन की उपस्थिति में पाइरुवेट का पूर्ण ऑक्सीकरण होकर अधिक ऊर्जा उत्पन्न होती है।
4. अवायवीय श्वसन
ऑक्सीजन के अभाव में कम मात्रा में ऊर्जा उत्पन्न होती है और कुछ अन्य उत्पाद बन सकते हैं।
5. ATP
ATP कोशिका में ऊर्जा की तत्काल उपयोगी मुद्रा के रूप में कार्य करता है।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 13 — पादप वृद्धि एवं परिवर्धन
1. वृद्धि
पादप के आकार, आयतन, लंबाई या शुष्क भार में स्थायी वृद्धि को वृद्धि कहते हैं।
2. पादप वृद्धि के चरण
- कोशिका विभाजन
- कोशिका दीर्घीकरण
- कोशिका परिपक्वन
3. पादप वृद्धि नियामक
- ऑक्सिन
- जिबरेलिन
- साइटोकाइनिन
- एब्सिसिक अम्ल
- एथिलीन
4. ऑक्सिन
कोशिका दीर्घीकरण और कई वृद्धि प्रतिक्रियाओं में ऑक्सिन महत्वपूर्ण है।
5. जिबरेलिन
तने की वृद्धि और बीज अंकुरण आदि में जिबरेलिन महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
6. साइटोकाइनिन
कोशिका विभाजन और कोशिकीय वृद्धि से संबंधित प्रमुख पादप हार्मोन हैं।
7. ABA
एब्सिसिक अम्ल वृद्धि अवरोध तथा तनाव प्रतिक्रियाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
8. एथिलीन
फल पकने और कुछ वृद्धि प्रतिक्रियाओं से संबंधित गैसीय पादप हार्मोन।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
इकाई 5 — मानव शरीर विज्ञान (18 अंक)
अध्याय 14 — श्वसन और गैसों का विनिमय
1. श्वसन तंत्र
मानव श्वसन तंत्र में नासिका, ग्रसनी, कंठ, श्वासनली, श्वसनी, फेफड़े और वायुकोष्ठ शामिल हैं।
2. फेफड़े
फेफड़े गैस विनिमय के प्रमुख अंग हैं। वायुकोष्ठों की दीवार अत्यंत पतली होती है।
3. श्वसन की अवस्थाएँ
- श्वास लेना
- बाह्य श्वसन
- आंतरिक श्वसन
- श्वास छोड़ना
4. गैसों का विनिमय
ऑक्सीजन और कार्बन डाइऑक्साइड का आदान-प्रदान मुख्यतः प्रसरण के द्वारा होता है।
5. ऑक्सीजन परिवहन
रक्त में ऑक्सीजन का अधिकांश भाग हीमोग्लोबिन से जुड़कर ऑक्सीहीमोग्लोबिन के रूप में परिवहन होता है।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 15 — शरीर द्रव तथा परिसंचरण
1. रक्त
रक्त एक तरल संयोजी ऊतक है जिसमें प्लाज्मा और रक्त कणिकाएँ होती हैं।
2. रक्त के घटक
- प्लाज्मा
- लाल रक्त कणिकाएँ
- श्वेत रक्त कणिकाएँ
- प्लेटलेट्स
3. हीमोग्लोबिन
हीमोग्लोबिन RBC में पाया जाने वाला लौहयुक्त प्रोटीन है जो ऑक्सीजन परिवहन में सहायक है।
4. हृदय
मानव हृदय चार कक्षों वाला पेशीय अंग है—दो आलिंद और दो निलय।
5. दोहरा परिसंचरण
मानव में रक्त एक पूर्ण चक्र में हृदय से दो बार होकर गुजरता है; इसे दोहरा परिसंचरण कहते हैं।
6. रक्त समूह
ABO तथा Rh प्रणालियाँ प्रमुख रक्त समूह प्रणालियाँ हैं।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 16 — उत्सर्जी उत्पाद एवं उनका निष्कासन
1. उत्सर्जन
शरीर में उपापचय से बने हानिकारक अपशिष्ट पदार्थों को शरीर से बाहर निकालने की प्रक्रिया उत्सर्जन कहलाती है।
2. मानव उत्सर्जी तंत्र
- वृक्क
- मूत्रवाहिनी
- मूत्राशय
- मूत्रमार्ग
3. नेफ्रॉन
नेफ्रॉन वृक्क की संरचनात्मक और क्रियात्मक इकाई है।
4. मूत्र निर्माण
- परानिस्यंदन
- पुनःअवशोषण
- नलिकीय स्राव
5. उत्सर्जी उत्पाद
मानव शरीर में नाइट्रोजनयुक्त अपशिष्ट मुख्यतः यूरिया के रूप में बाहर निकलते हैं।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 17 — गमन एवं संचलन
1. गति और संचलन
जीवों या शरीर के अंगों में स्थिति परिवर्तन को संचलन के रूप में समझा जाता है। मानव में पेशियाँ, अस्थियाँ और जोड़ इसमें योगदान करते हैं।
2. अस्थि तंत्र
अस्थियाँ शरीर को सहारा, सुरक्षा और गति प्रदान करती हैं।
3. जोड़
- अचल जोड़
- अर्धचल जोड़
- चल जोड़
4. पेशियाँ
- कंकालीय
- चिकनी
- हृदय पेशी
5. पेशी संकुचन
पेशी संकुचन में actin और myosin तंतु महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 18 — तांत्रकीय नियंत्रण एवं समन्वय
1. तंत्रिका तंत्र
तंत्रिका तंत्र शरीर की विभिन्न क्रियाओं का त्वरित नियंत्रण और समन्वय करता है।
2. न्यूरॉन
न्यूरॉन तंत्रिका तंत्र की संरचनात्मक और क्रियात्मक इकाई है।
3. न्यूरॉन के भाग
- कोशिका शरीर
- डेंड्राइट
- एक्सॉन
4. केंद्रीय तंत्रिका तंत्र
मस्तिष्क और मेरुरज्जु केंद्रीय तंत्रिका तंत्र बनाते हैं।
5. प्रतिवर्त क्रिया
किसी उद्दीपन के प्रति बहुत तेज और स्वतः होने वाली प्रतिक्रिया प्रतिवर्त क्रिया कहलाती है।
6. मस्तिष्क
मस्तिष्क शरीर की विभिन्न संवेदी, मोटर, बौद्धिक तथा समन्वय संबंधी क्रियाओं का नियंत्रण करता है।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अध्याय 19 — रासायनिक समन्वय तथा एकीकरण
1. अंतःस्रावी तंत्र
अंतःस्रावी ग्रंथियाँ हार्मोन नामक रासायनिक संदेशवाहकों का स्राव करती हैं। हार्मोन रक्त के माध्यम से लक्ष्य अंगों तक पहुँचते हैं।
2. प्रमुख अंतःस्रावी ग्रंथियाँ
| ग्रंथि | प्रमुख हार्मोन | मुख्य कार्य |
|---|---|---|
| पिट्यूटरी | विभिन्न उष्णकटिबंधीय हार्मोन | अन्य ग्रंथियों एवं वृद्धि का नियंत्रण |
| थायरॉयड | थायरॉक्सिन | उपापचय नियंत्रण |
| पैराथायरॉयड | पैराथायरॉयड हार्मोन | कैल्शियम संतुलन |
| अधिवृक्क | एड्रीनलिन आदि | तनाव प्रतिक्रिया |
| अग्न्याशय | इंसुलिन, ग्लूकागॉन | रक्त शर्करा नियंत्रण |
| वृषण | टेस्टोस्टेरोन | पुरुष लैंगिक लक्षण |
| अंडाशय | एस्ट्रोजन, प्रोजेस्टेरोन | महिला लैंगिक एवं प्रजनन क्रियाएँ |
3. हार्मोन
हार्मोन रासायनिक संदेशवाहक हैं जो शरीर के विभिन्न अंगों में विशिष्ट जैविक प्रतिक्रियाओं को नियंत्रित करते हैं।
4. इंसुलिन
इंसुलिन रक्त ग्लूकोज के नियमन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
5. थायरॉयड हार्मोन
थायरॉयड हार्मोन शरीर के उपापचय और विकास में महत्वपूर्ण हैं।
2 अंक प्रश्न
3 अंक प्रश्न
4 अंक प्रश्न
अत्यंत महत्वपूर्ण तुलना आधारित प्रश्न — उत्तर सहित
कक्षा 11वीं जीव विज्ञान — वस्तुनिष्ठ प्रश्न अभ्यास, उत्तर सहित
सही विकल्प
- वर्गिकी का संबंध है — पहचान, नामकरण और वर्गीकरण से
- मोनेरा के जीव होते हैं — प्रोकैरियोटिक
- कवक की कोशिका भित्ति मुख्यतः बनी होती है — काइटिन से
- फूल का लैंगिक जनन से संबंध है — हाँ
- जाइलम का मुख्य कार्य है — जल एवं खनिज परिवहन
- फ्लोएम का मुख्य कार्य है — भोजन परिवहन
- कोशिका की ऊर्जा मुद्रा है — ATP
- प्रोटीन के निर्माण की इकाई है — अमीनो अम्ल
- माइटोसिस में पुत्री कोशिकाओं की संख्या होती है — दो
- प्रकाश संश्लेषण का मुख्य वर्णक है — क्लोरोफिल
- ग्लाइकोलिसिस होती है — कोशिकाद्रव्य में
- श्वसन में ऊर्जा का त्वरित उपयोगी रूप है — ATP
- मानव हृदय में कक्ष होते हैं — चार
- वृक्क की कार्यात्मक इकाई है — नेफ्रॉन
- मानव में प्रमुख नाइट्रोजनयुक्त उत्सर्जी पदार्थ है — यूरिया
- तंत्रिका तंत्र की संरचनात्मक इकाई है — न्यूरॉन
- रक्त में ऑक्सीजन परिवहन में सहायक है — हीमोग्लोबिन
- रक्त शर्करा नियंत्रण में प्रमुख हार्मोन है — इंसुलिन
रिक्त स्थान — उत्तर सहित
- जीवों की पहचान और नामकरण का अध्ययन ________ कहलाता है। — वर्गिकी
- कवक की कोशिका भित्ति में ________ पाया जाता है। — काइटिन
- जाइलम ________ का परिवहन करता है। — जल एवं खनिज
- राइबोसोम ________ के संश्लेषण में सहायक हैं। — प्रोटीन
- DNA आनुवंशिक ________ का वहन करता है। — सूचना
- माइटोसिस में ________ पुत्री कोशिकाएँ बनती हैं। — दो
- प्रकाश संश्लेषण का मुख्य स्थान ________ है। — क्लोरोप्लास्ट
- ग्लाइकोलिसिस ________ में होती है। — कोशिकाद्रव्य
- वृक्क की कार्यात्मक इकाई ________ है। — नेफ्रॉन
- मानव हृदय में ________ कक्ष होते हैं। — चार
- तंत्रिका तंत्र की इकाई ________ है। — न्यूरॉन
- इंसुलिन का संबंध ________ से है। — रक्त ग्लूकोज नियंत्रण
सत्य / असत्य — उत्तर सहित
- सभी जीव कोशिकाओं से बने होते हैं। — सत्य
- मोनेरा यूकैरियोटिक होते हैं। — असत्य
- ब्रायोफाइटा के लिए प्रजनन में जल महत्वपूर्ण है। — सत्य
- जिम्नोस्पर्म में फल बनते हैं। — असत्य
- जाइलम भोजन का परिवहन करता है। — असत्य
- फ्लोएम भोजन का परिवहन करता है। — सत्य
- माइटोकॉण्ड्रिया ATP उत्पादन से संबंधित है। — सत्य
- मीयोसिस में गुणसूत्र संख्या आधी हो सकती है। — सत्य
- क्लोरोफिल प्रकाश ऊर्जा के अवशोषण में सहायता करता है। — सत्य
- ग्लाइकोलिसिस माइटोकॉण्ड्रिया में होती है। — असत्य
- नेफ्रॉन वृक्क की कार्यात्मक इकाई है। — सत्य
- न्यूरॉन तंत्रिका तंत्र की इकाई है। — सत्य
सही जोड़ी
| कॉलम A | कॉलम B |
|---|---|
| 1. मोनेरा | प्रोकैरियोटिक |
| 2. कवक | काइटिन |
| 3. जाइलम | जल परिवहन |
| 4. फ्लोएम | भोजन परिवहन |
| 5. माइटोकॉण्ड्रिया | ATP उत्पादन |
| 6. राइबोसोम | प्रोटीन संश्लेषण |
| 7. नेफ्रॉन | वृक्क की कार्यात्मक इकाई |
| 8. न्यूरॉन | तंत्रिका तंत्र की इकाई |
एक वाक्य में उत्तर
- वर्गिकी क्या है? — जीवों की पहचान, नामकरण और वर्गीकरण का अध्ययन।
- उपापचय क्या है? — जीवों में होने वाली समस्त रासायनिक अभिक्रियाओं का योग।
- ब्रायोफाइटा को उभयचर क्यों कहते हैं? — क्योंकि इनके प्रजनन में जल आवश्यक है।
- जाइलम का कार्य क्या है? — जल एवं खनिजों का परिवहन।
- फ्लोएम का कार्य क्या है? — भोजन का परिवहन।
- कोशिका की ऊर्जा मुद्रा क्या है? — ATP।
- प्रोटीन किससे बने हैं? — अमीनो अम्लों से।
- DNA का मुख्य कार्य क्या है? — आनुवंशिक सूचना का संग्रहण।
- प्रकाश संश्लेषण का मुख्य वर्णक क्या है? — क्लोरोफिल।
- नेफ्रॉन क्या है? — वृक्क की संरचनात्मक एवं क्रियात्मक इकाई।
- हीमोग्लोबिन का कार्य क्या है? — ऑक्सीजन परिवहन में सहायता करना।
- न्यूरॉन क्या है? — तंत्रिका तंत्र की संरचनात्मक एवं क्रियात्मक इकाई।
- हार्मोन क्या हैं? — रासायनिक संदेशवाहक।
4 अंक के अत्यंत महत्वपूर्ण संभावित प्रश्न — पूरे पाठ्यक्रम से
कक्षा 11वीं जीव विज्ञान — अंतिम रिवीजन चार्ट
जीव जगत • वर्गीकरण • वनस्पति जगत • प्राणी जगत
मूल • तना • पत्ती • पुष्प • पादप ऊतक • जंतु ऊतक
कोशिका • कोशिकांग • जैव अणु • माइटोसिस • मीयोसिस
प्रकाश संश्लेषण • श्वसन • ATP • पादप हार्मोन • वृद्धि
श्वसन • रक्त • हृदय • वृक्क • पेशियाँ • तंत्रिका तंत्र • हार्मोन
मानव शरीर विज्ञान — 18 अंक, पादप एवं प्राणियों में संरचनात्मक संगठन — 14 अंक तथा पादप कार्यकीय — 14 अंक। इन तीनों में 2, 3 और 4 अंक वाले उत्तर, संरचनात्मक तुलना एवं प्रक्रियाओं का विशेष अभ्यास करें।
पूरे पाठ्यक्रम से 50 अति महत्वपूर्ण प्रश्न — उत्तर सहित
-
जीव विज्ञान क्या है?
जीवों की संरचना, कार्य, वृद्धि, जनन और पर्यावरण से संबंधों का अध्ययन जीव विज्ञान है। -
वर्गिकी क्या है?
जीवों की पहचान, नामकरण और वर्गीकरण का अध्ययन वर्गिकी है। -
द्विनाम पद्धति क्या है?
जीव का वैज्ञानिक नाम दो शब्दों में लिखने की पद्धति। -
मोनेरा की एक विशेषता लिखिए।
मोनेरा के जीव प्रोकैरियोटिक होते हैं। -
कवक की कोशिका भित्ति किसकी बनी होती है?
काइटिन की। -
ब्रायोफाइटा को उभयचर क्यों कहते हैं?
क्योंकि स्थल पर रहते हुए भी प्रजनन में जल पर निर्भर होते हैं। -
जिम्नोस्पर्म क्या हैं?
नग्न बीज वाले बीजधारी पौधे। -
एंजियोस्पर्म क्या हैं?
फूल और फल बनाने वाले बीजधारी पौधे। -
जड़ का एक प्रमुख कार्य लिखिए।
जल और खनिजों का अवशोषण। -
पत्ती का मुख्य कार्य क्या है?
प्रकाश संश्लेषण। -
फूल का मुख्य जैविक कार्य क्या है?
लैंगिक प्रजनन। -
जाइलम का कार्य क्या है?
जल और खनिजों का परिवहन। -
फ्लोएम का कार्य क्या है?
भोजन का परिवहन। -
जंतु ऊतक कितने प्रमुख प्रकार के हैं?
उपकला, संयोजी, पेशीय और तंत्रिका ऊतक। -
कोशिका सिद्धांत क्या है?
कोशिका जीवों की संरचनात्मक एवं क्रियात्मक इकाई है और नई कोशिकाएँ पूर्व कोशिकाओं से उत्पन्न होती हैं। -
माइटोकॉण्ड्रिया का कार्य क्या है?
ATP के रूप में ऊर्जा उत्पादन। -
राइबोसोम का कार्य क्या है?
प्रोटीन संश्लेषण। -
DNA का मुख्य कार्य क्या है?
आनुवंशिक सूचना का संग्रहण और संचरण। -
एंजाइम क्या हैं?
जैव उत्प्रेरक जो अभिक्रियाओं की दर बढ़ाते हैं। -
माइटोसिस क्या है?
एक प्रकार का कोशिका विभाजन जिसमें सामान्यतः दो समान पुत्री कोशिकाएँ बनती हैं। -
मीयोसिस क्या है?
वह विभाजन जिसमें गुणसूत्र संख्या आधी होकर अगुणित कोशिकाएँ बनती हैं। -
प्रकाश संश्लेषण क्या है?
प्रकाश ऊर्जा की सहायता से CO₂ और जल से कार्बोहाइड्रेट बनाने की प्रक्रिया। -
प्रकाश संश्लेषण में मुख्य वर्णक कौन-सा है?
क्लोरोफिल। -
ग्लाइकोलिसिस क्या है?
ग्लूकोज के पाइरुवेट में विघटन की प्रक्रिया। -
ATP क्या है?
कोशिका की प्रमुख तात्कालिक ऊर्जा मुद्रा। -
पौधों में ऑक्सिन का एक कार्य बताइए।
कोशिका दीर्घीकरण को बढ़ावा देना। -
जिबरेलिन का एक कार्य बताइए।
तने की वृद्धि और कुछ अवस्थाओं में अंकुरण को बढ़ावा देना। -
मानव श्वसन में गैसों का मुख्य विनिमय कहाँ होता है?
वायुकोष्ठों में। -
ऑक्सीजन का अधिकांश परिवहन किसके द्वारा होता है?
हीमोग्लोबिन द्वारा। -
मानव हृदय में कितने कक्ष होते हैं?
चार। -
रक्त का द्रव भाग क्या कहलाता है?
प्लाज्मा। -
वृक्क की क्रियात्मक इकाई क्या है?
नेफ्रॉन। -
मानव का प्रमुख नाइट्रोजनयुक्त उत्सर्जी पदार्थ क्या है?
यूरिया। -
मूत्र निर्माण के तीन प्रमुख चरण कौन-से हैं?
परानिस्यंदन, पुनःअवशोषण और नलिकीय स्राव। -
पेशियों के तीन प्रकार कौन-से हैं?
कंकालीय, चिकनी और हृदय पेशियाँ। -
न्यूरॉन क्या है?
तंत्रिका तंत्र की संरचनात्मक एवं क्रियात्मक इकाई। -
केंद्रीय तंत्रिका तंत्र के भाग कौन-से हैं?
मस्तिष्क और मेरुरज्जु। -
प्रतिवर्त क्रिया क्या है?
उद्दीपन के प्रति होने वाली त्वरित और स्वतः प्रतिक्रिया। -
हार्मोन क्या हैं?
अंतःस्रावी ग्रंथियों द्वारा स्रावित रासायनिक संदेशवाहक। -
इंसुलिन का एक कार्य बताइए।
रक्त ग्लूकोज के स्तर को नियंत्रित करना। -
थायरॉयड हार्मोन का मुख्य कार्य क्या है?
उपापचय और विकास के नियमन में सहायता करना। -
पिट्यूटरी को महत्वपूर्ण ग्रंथि क्यों माना जाता है?
यह विभिन्न हार्मोनों तथा अन्य अंतःस्रावी ग्रंथियों की क्रियाओं के नियमन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। -
जाइलम और फ्लोएम में एक अंतर बताइए।
जाइलम जल परिवहन करता है, फ्लोएम भोजन परिवहन करता है। -
माइटोसिस और मीयोसिस में एक मुख्य अंतर बताइए।
माइटोसिस में सामान्यतः दो समान कोशिकाएँ बनती हैं, जबकि मीयोसिस में चार अगुणित कोशिकाएँ बनती हैं। -
श्वसन और प्रकाश संश्लेषण में एक अंतर बताइए।
प्रकाश संश्लेषण में भोजन बनता है, श्वसन में भोजन से ऊर्जा मुक्त होती है। -
रक्त में प्लेटलेट्स का क्या कार्य है?
रक्त का थक्का बनने में सहायता करना। -
नेफ्रॉन में परानिस्यंदन कहाँ होता है?
ग्लोमेरुलस और बोमन कैप्सूल से संबंधित परानिस्यंदन तंत्र में। -
न्यूरॉन के मुख्य भाग कौन-से हैं?
कोशिका शरीर, डेंड्राइट और एक्सॉन। -
रासायनिक समन्वय का मुख्य माध्यम क्या है?
हार्मोन। -
जीवों के वर्गीकरण का एक प्रमुख लाभ बताइए।
विविध जीवों का व्यवस्थित अध्ययन और उनकी पहचान सरल हो जाती है। -
पादप वृद्धि नियामकों के कोई दो नाम लिखिए।
ऑक्सिन और जिबरेलिन। -
मानव शरीर में समन्वय के दो प्रमुख तंत्र कौन-से हैं?
तंत्रिका तंत्र और अंतःस्रावी तंत्र।
कक्षा 11वीं जीव विज्ञान — परीक्षा में उत्तर लिखने की रणनीति
| अंक | उत्तर लिखने का तरीका |
|---|---|
| 01 | एक सटीक तथ्य, परिभाषा, नाम, शब्द या वाक्य। |
| 02 | परिभाषा + दो मुख्य बिंदु / उदाहरण। |
| 03 | परिभाषा/भूमिका + तीन मुख्य बिंदु। |
| 04 | परिचय + मुख्य प्रक्रिया/कारण + बिंदुवार विवरण + निष्कर्ष। |
1. जहाँ संभव हो उत्तर बिंदुवार लिखें।
2. तुलना वाले उत्तर table में लिखना अधिक प्रभावी है।
3. जैविक संरचनाओं के नाम स्पष्ट और क्रमबद्ध लिखें।
4. प्रक्रियाओं में चरणों का सही क्रम रखें।
5. आरेख आधारित अध्यायों में labelled diagram का अभ्यास करें।
अस्वीकरण (Disclaimer):
> 1. अध्ययन एवं अभ्यास उद्देश्य: इस पोस्ट में दी गई अंक योजना (Blueprint), पाठ्यक्रम, AI-जनरेटेड सरल नोट्स तथा अभ्यास प्रश्नोत्तर माध्यमिक शिक्षा मण्डल, मध्यप्रदेश (MPBSE) सत्र 2026-27 के नवीनतम दिशा-निर्देशों एवं NCERT पाठ्यक्रम के आधार पर विद्यार्थियों के स्व-अध्ययन, पुनरावलोकन और परीक्षा अभ्यास के लिए तैयार किए गए हैं।
> 2. प्रश्नोत्तर एवं संभावित प्रश्न: पोस्ट में शामिल सभी वस्तुनिष्ठ, लघु उत्तरीय एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न-उत्तर केवल मॉडल/अभ्यास प्रश्न (Practice Questions) हैं। यह बोर्ड/वार्षिक परीक्षा का कोई आधिकारिक प्रश्नपत्र नहीं है और न ही परीक्षा में हूबहू यही प्रश्न पूछे जाने का कोई दावा किया जाता है।
> 3. उत्तरों का सत्यापन: यद्यपि सभी उत्तरों, वैज्ञानिक नामों, नामांकित रेखाचित्रों एवं तथ्यों को सटीक और त्रुटिरहित रखने का पूर्ण प्रयास किया गया है, फिर भी विद्यार्थी किसी भी तकनीकी या तथ्यात्मक संदेह की स्थिति में अपनी अधिकृत NCERT पाठ्यपुस्तकों तथा विषय शिक्षकों के मार्गदर्शन को ही अंतिम व सर्वमान्य आधार मानें।
> 4. आधिकारिक सूचना: परीक्षा कार्यक्रम, आंतरिक मूल्यांकन/प्रायोगिक परीक्षा, अंक योजना में किसी भी संभावित संशोधन अथवा आधिकारिक विज्ञप्ति के लिए सदैव माध्यमिक शिक्षा मण्डल, म.प्र. की आधिकारिक वेबसाइट (`mpbse.nic.in`) पर जारी निर्देशों को ही अधिकृत माना जाए।
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