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कक्षा 11वीं — जीव विज्ञान (Biology)
अर्द्धवार्षिक परीक्षा 2026–27 | आदर्श-प्रश्नपत्र एवं मॉडल उत्तर
समय: 3 घंटे
पूर्णांक: 70
प्रश्न: 20 मुख्य प्रश्न
संक्षिप्त विवरण: यह MP Board के नवीनतम ब्लूप्रिंट (70 अंक) और निर्धारित अर्द्धवार्षिक पाठ्यक्रम (अध्याय 1 से 15 तक) पर आधारित कक्षा 11 जीव विज्ञान का अभ्यास मॉडल पेपर है।
विद्यार्थियों के लिए निर्देश: सभी प्रश्न अनिवार्य हैं। (नोट: निर्देशानुसार खण्ड 'B' के 2 अंक वाले अति लघु-उत्तरीय प्रश्नों में 'अथवा' का विकल्प नहीं दिया गया है)। पहले स्वयं प्रश्न हल करें, फिर “उत्तर देखें” बटन दबाकर अपने उत्तर का मिलान करें।
वस्तुनिष्ठ प्रश्न (प्रश्न 1 से 5)
कुल 28 वस्तुनिष्ठ प्रश्न हैं। प्रत्येक 1 अंक। (कुल 28 अंक)।
प्रश्न 1. सही विकल्प चुनकर लिखिए— 6 × 1 = 6
(1) पाँच जगत वर्गीकरण (Five Kingdom Classification) किसने प्रस्तुत किया?
मॉडल उत्तर:
(ख) आर.एच. व्हिटेकर
(2) सबसे बड़ा पुष्प (Flower) कौन-सा है?
मॉडल उत्तर:
(ग) रेफ्लीसिया
(3) कॉकरोच का शरीर कितने भागों में बंटा होता है?
मॉडल उत्तर:
(ख) तीन (सिर, वक्ष, उदर)
(4) कोशिका की खोज किसने की थी?
मॉडल उत्तर:
(ख) रॉबर्ट हुक (1665 में)
(5) प्रकाश संश्लेषण की दर सबसे अधिक किस रंग के प्रकाश में होती है?
मॉडल उत्तर:
(क) लाल (Red Light)
(6) मानव हृदय में कितने कक्ष (Chambers) होते हैं?
मॉडल उत्तर:
(ग) 4 (दो आलिंद और दो निलय)
प्रश्न 2. रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए— 6 × 1 = 6
(1) द्विनाम नामकरण पद्धति (Binomial nomenclature) _______ ने दी थी।
मॉडल उत्तर:
कैरोलस लिनियस (Carolus Linnaeus)
(2) आलू (Potato) का वैज्ञानिक नाम _______ है।
मॉडल उत्तर:
Solanum tuberosum
(3) पादप कोशिका की कोशिका भित्ति (Cell wall) मुख्य रूप से _______ की बनी होती है।
मॉडल उत्तर:
सेल्यूलोज (Cellulose)
(4) ऊर्जा की मुद्रा (Energy currency) _______ को कहा जाता है।
मॉडल उत्तर:
ATP (Adenosine Triphosphate)
(5) पौधों में जल और खनिज लवणों का परिवहन _______ ऊतक द्वारा होता है।
मॉडल उत्तर:
जाइलम (Xylem)
(6) मनुष्य के फेफड़ों की क्रियात्मक इकाई _______ है।
मॉडल उत्तर:
कूपिका (Alveoli)
प्रश्न 3. सत्य / असत्य लिखिए— 6 × 1 = 6
(1) विषाणु (Viruses) को पाँच जगत वर्गीकरण में शामिल नहीं किया गया है।
मॉडल उत्तर:
सत्य (क्योंकि वे अकोशिकीय होते हैं)।
(2) ब्रायोफाइटा को पादप जगत का उभयचर (Amphibian) कहा जाता है।
मॉडल उत्तर:
सत्य।
(3) केंचुए (Earthworm) में खुला परिसंचरण तंत्र पाया जाता है।
मॉडल उत्तर:
असत्य (केंचुए में बंद परिसंचरण तंत्र होता है)।
(4) समसूत्री विभाजन (Mitosis) में गुणसूत्रों की संख्या आधी रह जाती है।
मॉडल उत्तर:
असत्य (यह अर्द्धसूत्री/Meiosis में होता है; समसूत्री में गुणसूत्र समान रहते हैं)।
(5) ग्लाइकोलाइसिस की प्रक्रिया कोशिकाद्रव्य (Cytoplasm) में संपन्न होती है।
मॉडल उत्तर:
सत्य।
(6) शिराओं (Veins) में हमेशा शुद्ध रक्त बहता है।
मॉडल उत्तर:
असत्य (शिराओं में अशुद्ध रक्त बहता है, केवल फुफ्फुसीय शिरा को छोड़कर)।
प्रश्न 4. सही जोड़ी बनाइए— 5 × 1 = 5
(1) लाइकेन (Lichen) (सही जोड़ी का मिलान नीचे उत्तर में देखें)
मॉडल उत्तर:
कवक और शैवाल का सहजीवी संबंध
(2) अरण्डी (Castor) का बीज (सही जोड़ी का मिलान नीचे उत्तर में देखें)
मॉडल उत्तर:
भ्रूणपोषी (Endospermic) बीज
(3) राइबोसोम (Ribosome) (सही जोड़ी का मिलान नीचे उत्तर में देखें)
मॉडल उत्तर:
प्रोटीन संश्लेषण
(4) ऑक्सीजन (Oxygen) की खोज (सही जोड़ी का मिलान नीचे उत्तर में देखें)
मॉडल उत्तर:
जोसेफ प्रीस्टले (Joseph Priestley)
(5) एथिलीन (Ethylene) (सही जोड़ी का मिलान नीचे उत्तर में देखें)
मॉडल उत्तर:
फलों को पकाने वाला गैसीय हार्मोन
प्रश्न 5. एक वाक्य/शब्द में उत्तर दीजिए— 5 × 1 = 5
(1) वर्गीकरण की सबसे छोटी इकाई क्या है?
मॉडल उत्तर:
जाति (Species)।
(2) पत्तियों का वह भाग जिसके द्वारा वे तने से जुड़ी होती हैं, क्या कहलाता है?
मॉडल उत्तर:
पर्णवृंत (Petiole)।
(3) कोशिका का 'पावर हाउस' (ऊर्जा घर) किसे कहा जाता है?
मॉडल उत्तर:
माइटोकॉन्ड्रिया (Mitochondria)।
(4) प्रकाश संश्लेषण की अंधकार अभिक्रिया (Dark reaction) क्लोरोप्लास्ट के किस भाग में होती है?
मॉडल उत्तर:
स्ट्रोमा (Stroma) में।
(5) रुधिर का लाल रंग किस वर्णक के कारण होता है?
मॉडल उत्तर:
हीमोग्लोबिन (Hemoglobin) के कारण।
अति लघु-उत्तरीय प्रश्न (प्रश्न 6 से 15)
प्रत्येक प्रश्न 2 अंक का है। कुल 20 अंक। (इस खण्ड में कोई 'अथवा' प्रश्न नहीं है)
प्रश्न 6. सजीवों के दो प्रमुख लक्षण लिखिए। 2 अंक
मॉडल उत्तर:
1. वृद्धि (Growth): सभी सजीवों के आकार और भार में वृद्धि होती है (कोशिका विभाजन द्वारा)।
2. जनन (Reproduction): सजीव अपनी प्रजाति को बनाए रखने के लिए अपने समान संतान उत्पन्न करते हैं।
प्रश्न 7. माइकोप्लाज्मा (Mycoplasma) क्या है? 2 अंक
मॉडल उत्तर:
माइकोप्लाज्मा सबसे छोटी ज्ञात जीवित कोशिकाएं हैं, जिनमें कोशिका भित्ति (Cell wall) बिल्कुल नहीं पाई जाती है। ये ऑक्सीजन के बिना भी जीवित रह सकती हैं और पौधों व जानवरों में रोग उत्पन्न करती हैं।
प्रश्न 8. नग्नबीजी (Gymnosperms) और आवृतबीजी (Angiosperms) में कोई दो अंतर लिखिए। 2 अंक
मॉडल उत्तर:
1. नग्नबीजी पौधों में बीज फल भित्ति से ढके नहीं होते (खुले होते हैं), जबकि आवृतबीजी पौधों में बीज फल के अंदर (ढके हुए) पाए जाते हैं।
2. नग्नबीजी में पुष्प नहीं बनते, जबकि आवृतबीजी में पुष्प (Flowers) बनते हैं।
प्रश्न 9. संघ आर्थ्रोपोडा (Arthropoda) की दो प्रमुख विशेषताएँ लिखिए। 2 अंक
मॉडल उत्तर:
1. इन जंतुओं के पैर संधियुक्त (Jointed appendages) होते हैं।
2. इनका शरीर एक कठोर काइटिन (Chitin) के बाह्यकंकाल से ढका होता है। यह जंतु जगत का सबसे बड़ा संघ है (जैसे- कीड़े, मकड़ी, केकड़ा)।
प्रश्न 10. मूसला जड़ (Tap root) और अपस्थानिक जड़ (Adventitious root) में क्या अंतर है? 2 अंक
मॉडल उत्तर:
मूसला जड़ बीज के मूलांकुर (Radicle) से विकसित होती है और गहराई तक जाती है (जैसे- आम, सरसों)। इसके विपरीत, अपस्थानिक जड़ मूलांकुर को छोड़कर पौधे के किसी अन्य भाग (तने या पत्ती) से विकसित होती है (जैसे- घास, बरगद)।
प्रश्न 11. अस्थि (Bone) और उपास्थि (Cartilage) में दो अंतर लिखिए। 2 अंक
मॉडल उत्तर:
1. अस्थि बहुत कठोर और अनम्य (non-pliable) होती है, जबकि उपास्थि अपेक्षाकृत मुलायम और लचीली (pliable) होती है।
2. अस्थि के मैट्रिक्स में कैल्शियम लवण प्रचुर मात्रा में होते हैं, जबकि उपास्थि के मैट्रिक्स में कॉन्ड्रोइटिन लवण (Chondroitin salts) पाए जाते हैं।
प्रश्न 12. प्रोकैरियोटिक (Prokaryotic) और यूकैरियोटिक (Eukaryotic) कोशिका में दो अंतर लिखिए। 2 अंक
मॉडल उत्तर:
1. प्रोकैरियोटिक कोशिका में स्पष्ट और झिल्ली-युक्त केंद्रक (Nucleus) नहीं होता है, जबकि यूकैरियोटिक कोशिका में झिल्ली-युक्त सुविकसित केंद्रक होता है।
2. प्रोकैरियोटिक में झिल्ली-युक्त कोशिकांग (जैसे माइटोकॉन्ड्रिया, गॉल्जीकाय) नहीं पाए जाते, जबकि यूकैरियोटिक में ये सभी पाए जाते हैं।
प्रश्न 13. एंजाइम (Enzymes) क्या हैं? 2 अंक
मॉडल उत्तर:
एंजाइम वे जैव-उत्प्रेरक (Biocatalysts) हैं जो सजीवों के शरीर में होने वाली सभी जैव-रासायनिक अभिक्रियाओं की दर को बढ़ाते हैं। लगभग सभी एंजाइम रासायनिक रूप से प्रोटीन (Proteins) होते हैं।
प्रश्न 14. वायवीय (Aerobic) और अवायवीय (Anaerobic) श्वसन में दो अंतर लिखिए। 2 अंक
मॉडल उत्तर:
1. वायवीय श्वसन ऑक्सीजन की उपस्थिति में होता है, जबकि अवायवीय श्वसन ऑक्सीजन की अनुपस्थिति में होता है।
2. वायवीय श्वसन में ग्लूकोज का पूर्ण ऑक्सीकरण होता है और अधिक ऊर्जा (38 ATP) बनती है, जबकि अवायवीय श्वसन में ग्लूकोज का अपूर्ण ऑक्सीकरण होता है और कम ऊर्जा (2 ATP) बनती है।
प्रश्न 15. वाष्पोत्सर्जन (Transpiration) किसे कहते हैं? 2 अंक
मॉडल उत्तर:
पौधों के वायवीय भागों (विशेषकर पत्तियों के रंध्रों) द्वारा जल का वाष्प (Steam) के रूप में उड़कर वायुमंडल में जाने की प्रक्रिया को वाष्पोत्सर्जन कहते हैं। यह पौधे को ठंडा रखने और जल के अवशोषण में मदद करता है।
लघु-उत्तरीय प्रश्न (प्रश्न 16 से 19)
प्रत्येक प्रश्न 3 अंक का है। कुल 12 अंक। (इनमें 'अथवा' विकल्प दिए गए हैं)
प्रश्न 16. गुणसूत्र (Chromosome) क्या हैं? इनके प्रमुख कार्य लिखिए। 3 अंक
मॉडल उत्तर:
गुणसूत्र कोशिका के केंद्रक में पाए जाने वाले धागेनुमा संरचनाएं हैं, जो DNA और हिस्टोन प्रोटीन से मिलकर बने होते हैं। कोशिका विभाजन के समय ये स्पष्ट रूप से दिखाई देते हैं।
कार्य:
1. ये आनुवंशिक जानकारी (जीन के रूप में) को एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी (माता-पिता से संतानों) में ले जाने का कार्य करते हैं।
2. ये कोशिका की वृद्धि, विभाजन और मरम्मत का नियंत्रण करते हैं।
अथवा: समसूत्री (Mitosis) और अर्द्धसूत्री (Meiosis) कोशिका विभाजन में तीन अंतर लिखिए।
मॉडल उत्तर:
1. कोशिकाओं का प्रकार: समसूत्री विभाजन कायिक (Somatic) कोशिकाओं में होता है (शारीरिक वृद्धि के लिए)। अर्द्धसूत्री विभाजन केवल जनन कोशिकाओं (Sex cells) में होता है (युग्मक निर्माण के लिए)।
2. संतति कोशिकाएं: समसूत्री में एक मातृ कोशिका से 2 संतति कोशिकाएं बनती हैं। अर्द्धसूत्री में एक मातृ कोशिका से 4 संतति कोशिकाएं बनती हैं।
3. गुणसूत्रों की संख्या: समसूत्री में संतति कोशिकाओं में गुणसूत्रों की संख्या मातृ कोशिका के समान (2n) रहती है। अर्द्धसूत्री में यह संख्या आधी (n) रह जाती है।
प्रश्न 17. प्रकाश संश्लेषण (Photosynthesis) की प्रक्रिया को रासायनिक समीकरण सहित समझाइए। 3 अंक
मॉडल उत्तर:
प्रकाश संश्लेषण वह प्रक्रिया है जिसके द्वारा हरे पौधे सूर्य के प्रकाश (Sunlight) और क्लोरोफिल की उपस्थिति में वातावरण से कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) और मिट्टी से जल (H₂O) लेकर अपना भोजन (ग्लूकोज) बनाते हैं और उप-उत्पाद के रूप में ऑक्सीजन गैस मुक्त करते हैं।
रासायनिक समीकरण:
6CO₂ + 12H₂O —(प्रकाश + क्लोरोफिल)—> C₆H₁₂O₆ (ग्लूकोज) + 6H₂O + 6O₂ ↑
अथवा: C3 और C4 पौधों में तीन अंतर लिखिए।
मॉडल उत्तर:
1. प्रथम स्थायी उत्पाद: C3 पौधों में CO₂ स्थिरीकरण का पहला उत्पाद 3-कार्बन वाला PGA (Phosphoglyceric acid) होता है। C4 पौधों में यह 4-कार्बन वाला OAA (Oxaloacetic acid) होता है。
2. पत्तियों की शारीरिक संरचना: C4 पौधों की पत्तियों में 'क्रेन्ज एनाटॉमी' (Kranz anatomy) पाई जाती है, जबकि C3 पौधों में ऐसा नहीं होता。
3. प्रकाश श्वसन (Photorespiration): C3 पौधों में प्रकाश श्वसन की दर अधिक होती है (जिससे ऊर्जा नष्ट होती है), जबकि C4 पौधों में यह प्रक्रिया नगण्य (absent) होती है, जिससे वे अधिक उत्पादक होते हैं।
प्रश्न 18. पादप हार्मोन ऑक्सिन (Auxin) के तीन प्रमुख कार्य लिखिए। 3 अंक
मॉडल उत्तर:
ऑक्सिन पौधों में वृद्धि को नियंत्रित करने वाला प्रमुख हार्मोन है। इसके तीन मुख्य कार्य हैं:
1. शिखर प्रभाविता (Apical Dominance): यह तने के शीर्ष की वृद्धि को बढ़ाता है और पार्श्व कलिकाओं (lateral buds) की वृद्धि को रोकता है।
2. कोशिका दीर्घीकरण (Cell Elongation): यह तने और जड़ों की कोशिकाओं की लंबाई बढ़ाने में मदद करता है।
3. जड़ निर्माण: यह कलमों (Cuttings) में जड़ों के निर्माण (Root initiation) को प्रेरित करता है, जिसका उपयोग बागवानी में किया जाता है।
अथवा: दीप्तिकालिता (Photoperiodism) क्या है? पौधों को इसके आधार पर कितने भागों में बांटा गया है?
मॉडल उत्तर:
दीप्तिकालिता: पौधों में पुष्पन (Flowering) पर दिन और रात की आपेक्षिक लंबाई (प्रकाश की अवधि) के प्रभाव को दीप्तिकालिता कहते हैं।
इसके आधार पर पौधों को तीन भागों में बांटा गया है:
1. अल्पप्रदीप्तकाली पौधे (Short Day Plants): जिन्हें पुष्पन के लिए कम प्रकाश (लघु दिन) की आवश्यकता होती है (जैसे- सोयाबीन)।
2. दीर्घप्रदीप्तकाली पौधे (Long Day Plants): जिन्हें पुष्पन के लिए अधिक प्रकाश (लंबे दिन) की आवश्यकता होती है (जैसे- गेहूँ)।
3. तटस्थ पौधे (Day Neutral Plants): जिनके पुष्पन पर प्रकाश की अवधि का कोई प्रभाव नहीं पड़ता (जैसे- टमाटर)।
प्रश्न 19. मनुष्य में ऑक्सीजन का परिवहन कैसे होता है? 3 अंक
मॉडल उत्तर:
मनुष्य में ऑक्सीजन का परिवहन मुख्य रूप से रक्त की लाल रक्त कणिकाओं (RBC) में उपस्थित 'हीमोग्लोबिन' (Hb) द्वारा होता है।
1. फेफड़ों की कूपिकाओं (Alveoli) में ऑक्सीजन का आंशिक दबाव (pO₂) बहुत अधिक होता है। यहाँ O₂ हीमोग्लोबिन के साथ जुड़कर 'ऑक्सीहीमोग्लोबिन' (HbO₂) बनाता है।
2. लगभग 97% ऑक्सीजन का परिवहन इसी रूप में होता है। शेष 3% ऑक्सीजन प्लाज्मा में घुलकर जाती है।
3. जब यह रक्त ऊतकों (Tissues) तक पहुँचता है, तो वहाँ pO₂ कम और pCO₂ अधिक होने के कारण ऑक्सीहीमोग्लोबिन टूट जाता है और ऑक्सीजन कोशिकाओं को मिल जाती है।
अथवा: ई.सी.जी. (ECG) क्या है? इसके विभिन्न तरंगों का महत्व बताइए।
मॉडल उत्तर:
ई.सी.जी. (Electrocardiogram) हृदय के कार्डियक चक्र (Cardiac cycle) के दौरान उत्पन्न होने वाली विद्युतीय गतिविधियों का एक ग्राफीय प्रदर्शन है।
एक सामान्य ECG में मुख्य रूप से तीन तरंगे (Waves) होती हैं:
1. P तरंग (P wave): यह आलिंदों (Atria) के विध्रुवण (Depolarisation) को दर्शाती है, जिससे आलिंदों का संकुचन होता है।
2. QRS सम्मिश्र (QRS complex): यह निलयों (Ventricles) के विध्रुवण को दर्शाता है, जिससे निलयों का संकुचन शुरू होता है।
3. T तरंग (T wave): यह निलयों के पुनर्ध्रुवण (Repolarisation) को दर्शाती है, अर्थात निलयों का अपनी सामान्य अवस्था में वापस लौटना।
दीर्घ-उत्तरीय प्रश्न (प्रश्न 20 से 23)
प्रत्येक प्रश्न 4 अंक का है। कुल 16 अंक।
प्रश्न 20. एकबीजपत्री (Monocot) और द्विबीजपत्री (Dicot) तने की आंतरिक संरचना (Anatomy) में चार प्रमुख अंतर लिखिए। 4 अंक
मॉडल उत्तर:
1. संवहन बंडल (Vascular Bundles) का वितरण: एकबीजपत्री तने में संवहन बंडल भरण ऊतक (Ground tissue) में बिखरे (scattered) रहते हैं। द्विबीजपत्री तने में संवहन बंडल एक छल्ले (Ring) के रूप में व्यवस्थित होते हैं。
2. कैम्बियम (एधा): एकबीजपत्री तने के संवहन बंडलों में कैम्बियम अनुपस्थित होता है (अर्थात् वे 'बंद' प्रकार के होते हैं)। द्विबीजपत्री तने में कैम्बियम उपस्थित होता है (वे 'खुले' प्रकार के होते हैं)।
3. भरण ऊतक (Ground Tissue): एकबीजपत्री में भरण ऊतक वल्कुट, अंतस्त्वचा और मज्जा में विभेदित नहीं होता। द्विबीजपत्री में यह स्पष्ट रूप से वल्कुट (Cortex), अंतस्त्वचा (Endodermis) और मज्जा (Pith) में विभेदित होता है。
4. संवहन बंडलों का आवरण: एकबीजपत्री तने में प्रत्येक संवहन बंडल 'बंडल आच्छद' (Bundle sheath) से घिरा रहता है। द्विबीजपत्री तने में बंडल आच्छद प्रायः नहीं पाई जाती।
अथवा: जड़, तना और पत्ती के रूपांतरण (Modifications) को एक-एक उदाहरण सहित समझाइए।
मॉडल उत्तर:
पौधों के अंग कभी-कभी अपने सामान्य कार्यों के अलावा विशेष कार्य (जैसे भोजन संचय, सहारा देना, रक्षा) करने के लिए अपना रूप बदल लेते हैं, इसे रूपांतरण कहते हैं:
1. जड़ का रूपांतरण: गाजर (Carrot) और मूली की मूसला जड़ें भोजन संचय करके फूल जाती हैं (शंकुरूपी और तुर्कुरूपी)। बरगद में सहारा देने के लिए शाखाओं से जड़ें (Prop roots) निकलती हैं。
2. तने का रूपांतरण: आलू (Potato) भूमिगत तने का रूपांतरण है जो भोजन संचय कर कंद (Tuber) बन जाता है। अंगूर में तना कमज़ोर होने के कारण प्रतान (Tendril) में बदल जाता है जो चढ़ने में मदद करता है。
3. पत्ती का रूपांतरण: नागफनी (Cactus) में पत्तियां वाष्पोत्सर्जन को रोकने और रक्षा के लिए कांटों (Spines) में बदल जाती हैं। मटर में पत्तियां प्रतान (Tendril) में बदल जाती हैं।
प्रश्न 21. प्रोटीन की प्राथमिक, द्वितीयक, तृतीयक और चतुर्थक संरचना का संक्षेप में वर्णन कीजिए। 4 अंक
मॉडल उत्तर:
प्रोटीन अमीनो अम्लों का बहुलक है। इसकी चार स्तर की संरचनाएं होती हैं:
1. प्राथमिक संरचना (Primary Structure): यह अमीनो अम्लों का एक रैखिक क्रम है, जो पेप्टाइड बंधों द्वारा जुड़े होते हैं। यह प्रोटीन में अमीनो अम्लों की संख्या और उनके क्रम को बताता है (जैसे एक सीधी माला)।
2. द्वितीयक संरचना (Secondary Structure): जब अमीनो अम्लों की श्रृंखला हाइड्रोजन बंधों के कारण मुड़कर कुंडलित (Helix) या प्लेटेड शीट (β-pleated sheet) का रूप ले लेती है, तो उसे द्वितीयक संरचना कहते हैं।
3. तृतीयक संरचना (Tertiary Structure): जब लंबी प्रोटीन श्रृंखला स्वयं पर ही मुड़कर एक खोखले ऊन के गोले (3D रूप) जैसी बन जाती है, तो उसे तृतीयक संरचना कहते हैं। प्रोटीन की जैविक सक्रियता (जैसे एंजाइम) के लिए यह संरचना अत्यंत आवश्यक है।
4. चतुर्थक संरचना (Quaternary Structure): जब दो या दो से अधिक पॉलीपेप्टाइड श्रृंखलाएं (तृतीयक संरचना वाली) आपस में मिलकर एक बड़ा जटिल अणु बनाती हैं, तो उसे चतुर्थक संरचना कहते हैं (उदाहरण: हीमोग्लोबिन, जिसमें 4 श्रृंखलाएं होती हैं)।
अथवा: न्यूक्लिक अम्ल (DNA और RNA) क्या हैं? DNA की संरचना (वाटसन और क्रिक मॉडल) समझाइए।
मॉडल उत्तर:
न्यूक्लिक अम्ल: ये जीवों में आनुवंशिक सूचनाओं का भंडारण और स्थानांतरण करने वाले वृहद अणु (Macromolecules) हैं। ये न्यूक्लियोटाइड के बहुलक होते हैं (DNA और RNA)।
DNA की संरचना (वाटसन-क्रिक मॉडल):
1. DNA अणु दो पॉलीन्यूक्लियोटाइड श्रृंखलाओं (strands) का बना होता है, जो एक-दूसरे के चारों ओर सर्पिलाकार रूप में कुंडलित (Double Helix) रहती हैं।
2. सीढ़ी के बाहरी किनारे (Backbone) डीऑक्सीराइबोज शर्करा और फॉस्फेट समूह से बने होते हैं।
3. सीढ़ी के डंडे नाइट्रोजन क्षारकों (A, T, G, C) से बने होते हैं।
4. दोनों श्रृंखलाएं प्रतिसमानांतर (Anti-parallel) होती हैं। एक श्रृंखला में एडेनिन (A) हमेशा दूसरी श्रृंखला के थाइमिन (T) से 2 हाइड्रोजन बंधों द्वारा, और ग्वानिन (G) हमेशा साइटोसिन (C) से 3 हाइड्रोजन बंधों द्वारा जुड़ता है (A=T, G≡C)।
प्रश्न 22. ग्लाइकोलाइसिस (Glycolysis) की प्रक्रिया को समझाइए। यह कोशिका के किस भाग में संपन्न होती है? 4 अंक
मॉडल उत्तर:
स्थान: ग्लाइकोलाइसिस की प्रक्रिया कोशिका के कोशिकाद्रव्य (Cytoplasm) में संपन्न होती है। यह वायवीय और अवायवीय दोनों प्रकार के श्वसन का प्रथम और उभयनिष्ठ (Common) चरण है।
प्रक्रिया:
1. ग्लाइकोलाइसिस (ग्लाइकोस = शर्करा, लाइसिस = टूटना) में 6 कार्बन वाले ग्लूकोज अणु का आंशिक ऑक्सीकरण (बिना ऑक्सीजन के) होता है।
2. यह 10 एंजाइम-उत्प्रेरित रासायनिक अभिक्रियाओं की एक श्रृंखला है।
3. इस प्रक्रिया के अंत में 1 ग्लूकोज अणु टूटकर 3-कार्बन वाले पाइरुविक अम्ल (Pyruvic acid) के 2 अणुओं का निर्माण करता है।
4. ऊर्जा लाभ: इस पूरी प्रक्रिया के दौरान कुल 4 ATP बनते हैं और 2 ATP खर्च होते हैं, जिससे शुद्ध लाभ 2 ATP का होता है। इसके साथ ही 2 NADH + H⁺ अणु भी बनते हैं, जो आगे चलकर ऊर्जा देते हैं।
अथवा: क्रेब्स चक्र (Krebs Cycle) को 'साइट्रिक अम्ल चक्र' (Citric Acid Cycle) क्यों कहा जाता है? इसके महत्व का वर्णन कीजिए।
मॉडल उत्तर:
साइट्रिक अम्ल चक्र नाम का कारण: क्रेब्स चक्र माइटोकॉन्ड्रिया के मैट्रिक्स में संपन्न होता है। इस चक्र में बनने वाला सबसे पहला स्थिर उत्पाद (Product) 6-कार्बन वाला 'साइट्रिक अम्ल' (Citric acid) होता है, इसीलिए इसे साइट्रिक अम्ल चक्र या TCA (Tricarboxylic Acid) चक्र भी कहा जाता है।
क्रेब्स चक्र का महत्व:
1. पूर्ण ऑक्सीकरण: यह वायवीय श्वसन का मुख्य चरण है जिसमें पाइरुविक अम्ल (एसीटाइल को-ए के रूप में) का पूर्ण ऑक्सीकरण होकर CO₂ और H₂O बनता है।
2. अधिक ऊर्जा का निर्माण: इस चक्र में बड़ी मात्रा में NADH और FADH₂ का निर्माण होता है, जो इलेक्ट्रॉन परिवहन तंत्र (ETS) में जाकर भारी मात्रा में ATP (ऊर्जा) उत्पन्न करते हैं।
3. उभयचरी पथ (Amphibolic pathway): यह चक्र न केवल कार्बोहाइड्रेट, बल्कि वसा और प्रोटीन के टूटने और नए अणुओं के बनने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
प्रश्न 23. मानव हृदय (Human Heart) की आंतरिक संरचना का सचित्र वर्णन कीजिए और इसकी कार्यप्रणाली को संक्षेप में समझाइए। 4 अंक
मॉडल उत्तर:
आंतरिक संरचना: मानव हृदय एक पेशीय अंग है जो छाती गुहा (Thoracic cavity) में स्थित होता है। यह 4 कक्षों में बंटा होता है: ऊपर के दो कक्ष छोटे जिन्हें आलिंद (Atria) कहते हैं, और नीचे के दो बड़े कक्ष जिन्हें निलय (Ventricles) कहते हैं।
• दायां आलिंद और दायां निलय त्रिवलनी कपाट (Tricuspid valve) द्वारा अलग होते हैं, जबकि बायां आलिंद और बायां निलय द्विवलनी कपाट (Bicuspid/Mitral valve) द्वारा अलग होते हैं। ये कपाट रक्त को वापस उलटी दिशा में बहने से रोकते हैं।
कार्यप्रणाली (दोहरा परिसंचरण):
1. शरीर से अशुद्ध (डीऑक्सीजनेटेड) रक्त महाशिराओं द्वारा दाएं आलिंद में आता है, फिर दाएं निलय में जाता है। वहां से फुफ्फुसीय धमनी द्वारा शुद्ध होने के लिए फेफड़ों में भेजा जाता है।
2. फेफड़ों से शुद्ध (ऑक्सीजनेटेड) रक्त फुफ्फुसीय शिराओं द्वारा बाएं आलिंद में आता है, फिर बाएं निलय में जाता है। वहां से महाधमनी (Aorta) द्वारा पूरे शरीर में पंप कर दिया जाता है। इस प्रकार रक्त हृदय से दो बार गुजरता है।
(विद्यार्थी उत्तरपुस्तिका में मानव हृदय का स्पष्ट नामांकित चित्र बनाएंगे।)
अथवा: रुधिर (Blood) और लसीका (Lymph) में चार प्रमुख अंतर लिखिए।
मॉडल उत्तर:
रुधिर और लसीका में चार प्रमुख अंतर निम्नलिखित हैं:
1. रंग: रुधिर लाल रंग का होता है (हीमोग्लोबिन की उपस्थिति के कारण)। लसीका रंगहीन या हल्के पीले रंग का तरल है (इसमें हीमोग्लोबिन नहीं होता)।
2. कणिकाएं (Corpuscles): रुधिर में RBC, WBC और प्लेटलेट्स सभी पाई जाती हैं। लसीका में RBC अनुपस्थित होती हैं, इसमें केवल WBC (विशेषकर लिम्फोसाइट्स) अधिक मात्रा में होती हैं।
3. प्रोटीन की मात्रा: रुधिर (प्लाज्मा) में प्रोटीन, कैल्शियम और फॉस्फोरस अधिक मात्रा में होते हैं। लसीका में प्रोटीन की मात्रा बहुत कम होती है और उत्सर्जी पदार्थ अधिक होते हैं।
4. परिवहन की दिशा: रुधिर का प्रवाह हृदय से अंगों की ओर तथा अंगों से हृदय की ओर (दोनों दिशाओं में) तेजी से होता है। लसीका का प्रवाह केवल ऊतकों (अंगों) से हृदय की ओर (एक ही दिशा में) और बहुत धीमी गति से होता है।
डिस्क्लेमर (Disclaimer): यह प्रश्नपत्र केवल विद्यार्थियों के अभ्यास और शैक्षणिक मार्गदर्शन हेतु तैयार किया गया एक संभावित मॉडल पेपर है। यह कोई असली या लीक हुआ पेपर नहीं है। कृपया परीक्षा के सटीक पाठ्यक्रम के लिए MP Board के निर्देशों का ही पालन करें।









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