MP Board Class 11th Chemistry Half Yearly Syllabus 2026-27: कक्षा 11 रसायन विज्ञान अर्द्धवार्षिक परीक्षा सम्पूर्ण पाठ्यक्रम
लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) मध्यप्रदेश शैक्षणिक कैलेण्डर 2026-27 (माह नवंबर तक) पर आधारित प्रामाणिक पाठ्यक्रम
महत्वपूर्ण सूचना: माध्यमिक शिक्षा मण्डल, मध्यप्रदेश (MPBSE) एवं लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) द्वारा जारी शैक्षणिक कैलेण्डर सत्र 2026-27 के अनुसार कक्षा 11वीं रसायन विज्ञान (Chemistry) की अर्द्धवार्षिक परीक्षा में माह नवंबर 2026 तक निर्धारित सम्पूर्ण पाठ्यक्रम (अध्याय 1 से अध्याय 9 तक) एवं संबंधित प्रायोगिक कार्यों से प्रश्न पूछे जाएंगे। MP Education Gyan Deep पर यहाँ भौतिक, अकार्बनिक एवं कार्बनिक रसायन का संपूर्ण अध्यायवार विवरण, महत्वपूर्ण रासायनिक अभिक्रियाएँ, नियम एवं प्रयोगशाला परीक्षण प्रस्तुत हैं।
मध्यप्रदेश बोर्ड कक्षा 11वीं विज्ञान संकाय (गणित एवं जीव विज्ञान) के सभी प्रिय विद्यार्थियों एवं शिक्षक साथियों का MP Education Gyan Deep पर हार्दिक स्वागत है। कक्षा 11वीं का रसायन विज्ञान विषय कक्षा 12वीं के बोर्ड पाठ्यक्रम तथा विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं (NEET/JEE) की आधारशिला तैयार करता है। परीक्षा में 70 में से 70 अंक प्राप्त करने के लिए रासायनिक सिद्धांतों, आंकिक प्रश्नों (Numericals), आवर्त सारणी के नियमों एवं कार्बनिक अभिक्रियाओं (Organic Reactions) का गहन व व्यवस्थित अध्ययन आवश्यक है। शैक्षणिक कैलेण्डर सत्र 2026-27 अनुसार नवंबर माह तक के सम्पूर्ण पाठ्यक्रम का विवरण नीचे प्रस्तुत है।
पाठ्यक्रम का संक्षिप्त विवरण (Chapter-wise Overview)
| क्र. | अध्याय संख्या एवं नाम (Chapter) | रसायन की शाखा | संबद्ध प्रायोगिक एवं प्रोजेक्ट कार्य |
|---|---|---|---|
| 1 | अध्याय-1: रसायन विज्ञान की कुछ मूल अवधारणाएँ (Basic Concepts) | भौतिक रसायन | मोल संकल्पना एवं आंकिक अभ्यास |
| 2 | अध्याय-2: परमाणु की संरचना (Structure of Atom) | भौतिक रसायन | प्रयोग: अनुमापन अभ्यास (Titration) |
| 3 | अध्याय-3: तत्वों का वर्गीकरण एवं गुणधर्मों में आवर्तिता (Periodic Table) | अकार्बनिक रसायन | आवर्ती गुणों का तुलनात्मक अध्ययन |
| 4 | अध्याय-4: रासायनिक आबंधन तथा आण्विक संरचना (Chemical Bonding) | अकार्बनिक रसायन | संकरण व VSEPR सिद्धांत मॉडल |
| 5 | अध्याय-5: रासायनिक ऊष्मागतिकी (Thermodynamics) | भौतिक रसायन | ऊष्मागतिकी के प्रयोग एवं प्रायोजना कार्य (कोई एक) |
| 6 | अध्याय-6: साम्यावस्था (Equilibrium) | भौतिक रसायन | प्रयोग: तत्वों की पहचान करना |
| 7 | अध्याय-7: अपचयोपचय (रेडॉक्स) अभिक्रियाएँ (Redox Reactions) | भौतिक/अकार्बनिक रसायन | ऑक्सीकरण संख्या एवं समीकरण संतुलन |
| 8 | अध्याय-8: कार्बनिक रसायन: कुछ मूलभूत सिद्धांत तथा तकनीकें (GOC) | कार्बनिक रसायन | प्रयोग: तत्वों की पहचान (नाइट्रोजन, सल्फर, हैलोजन - लैसाने परीक्षण) |
| 9 | अध्याय-9: हाइड्रोकार्बन (Hydrocarbons) | कार्बनिक रसायन | प्रयोग: अकार्बनिक लवण का गुणात्मक विश्लेषण एवं प्रायोजना कार्य (कोई एक) |
अध्यायवार विस्तृत विवरण एवं महत्वपूर्ण संकल्पनाएँ
1. भौतिक रसायन (Physical Chemistry)
- अध्याय-1: रसायन विज्ञान की कुछ मूल अवधारणाएँ: द्रव्य की प्रकृति, रासायनिक संयोजन के नियम (द्रव्यमान संरक्षण, स्थिर अनुपात, गुणित अनुपात), डाल्टन का परमाणु सिद्धांत, परमाणु द्रव्यमान एवं आण्विक द्रव्यमान, मोल संकल्पना व मोलर द्रव्यमान, प्रतिशत संघटन, मूलानुपाती एवं आण्विक सूत्र, रससमीकरणमिति (Stoichiometry), सीमांत अभिकर्मक (Limiting Reagent) तथा विलयनों की सांद्रता (द्रव्यमान प्रतिशत, मोल अंश, मोलरता एवं मोललता)।
- अध्याय-2: परमाणु की संरचना: अवपरमाण्विक कण (इलेक्ट्रॉन, प्रोटॉन, न्यूट्रॉन), थॉमसन एवं रदरफोर्ड मॉडल की कमियाँ, बोर का परमाणु मॉडल एवं हाइड्रोजन का उत्सर्जन स्पेक्ट्रम, द्रव्य की द्वैत प्रकृति (डी ब्रॉग्ली संबंध), हाइजेनबर्ग का अनिश्चितता सिद्धांत, क्वांटम संख्याएँ (n, l, m, s), कक्षकों की आकृतियाँ (s, p, d), ऑफबाऊ नियम, पाउली का अपवर्जन नियम एवं हुंड का अधिकतम बहुलता नियम।
- अध्याय-5: रासायनिक ऊष्मागतिकी: निकाय एवं परिवेश के प्रकार, आंतरिक ऊर्जा, कार्य एवं ऊष्मा, ऊष्मागतिकी का प्रथम नियम, एन्थैल्पी (H), विशिष्ट ऊष्मा धारिता, हेस का स्थिर ऊष्मा संकलन नियम एवं अनुप्रयोग, स्वतःप्रवर्तिता (Spontaneity), एन्ट्रॉपी (S), गिब्स मुक्त ऊर्जा (G) एवं साम्य स्थिरांक से संबंध।
- अध्याय-6: साम्यावस्था: भौतिक एवं रासायनिक प्रक्रमों में साम्य, द्रव्य अनुपाती क्रिया का नियम एवं साम्य स्थिरांक (Kc व Kp में संबंध), ला-शातेलिए का नियम एवं इसके अनुप्रयोग, अम्लों व क्षारकों की संकल्पना (आर्रेनियस, ब्रॉन्स्टेड-लोरी, लूइस सिद्धांत), जल का आयनिक गुणनफल (Kw), pH मान, बफर विलयन, विलेयता गुणनफल (Ksp) एवं सम-आयन प्रभाव।
- अध्याय-7: अपचयोपचय (रेडॉक्स) अभिक्रियाएँ: ऑक्सीकरण एवं अपचयन की शास्त्रीय व इलेक्ट्रॉनिक संकल्पना, ऑक्सीकरण संख्या निर्धारण के नियम, रेडॉक्स अभिक्रियाओं के प्रकार, आयन-इलेक्ट्रॉन विधि एवं ऑक्सीकरण संख्या विधि द्वारा रेडॉक्स समीकरणों का संतुलन, इलेक्ट्रोड विभव एवं विद्युत रासायनिक सेल का संक्षिप्त परिचय।
2. अकार्बनिक रसायन (Inorganic Chemistry)
- अध्याय-3: तत्वों का वर्गीकरण एवं गुणधर्मों में आवर्तिता: आधुनिक आवर्त नियम एवं दीर्घ रूप आवर्त सारणी की रूपरेखा, तत्वों का s, p, d, f ब्लॉकों में वर्गीकरण, परमाणु एवं आयनिक त्रिज्या, आयनन एन्थैल्पी (IE), इलेक्ट्रॉन लब्धि एन्थैल्पी (ΔegH), विद्युत ऋणात्मकता (EN) तथा आवर्त व वर्ग में इनकी आवर्ती प्रवृत्तियाँ।
- अध्याय-4: रासायनिक आबंधन तथा आण्विक संरचना: आयनिक एवं सहसंयोजक आबंध, अष्टक नियम एवं इसकी सीमाएँ, लूइस संरचना, बंध प्राचल (आबंध लंबाई, आबंध कोण, आबंध एन्थैल्पी), ध्रुवीयता व द्विध्रुव आघूर्ण, संयोजकता कोश इलेक्ट्रॉन युग्म प्रतिकर्षण (VSEPR) सिद्धांत, संयोजकता आबंध सिद्धांत (VBT), संकरण (sp, sp², sp³, sp³d संकरण एवं ज्यामिति), आण्विक कक्षक सिद्धांत (MOT - समनाभिकीय द्विपरमाण्विक अणु H₂, N₂, O₂ का ऊर्जा स्तर आरेख) तथा हाइड्रोजन आबंधन।
3. कार्बनिक रसायन (Organic Chemistry)
- अध्याय-8: कार्बनिक रसायन: कुछ मूलभूत सिद्धांत तथा तकनीकें: कार्बन की चतुःसंयोजकता, कार्बनिक यौगिकों का संरचनात्मक निरूपण, IUPAC नामकरण प्रणाली, समावयवता (संरचनात्मक एवं त्रिविम समावयवता का सामान्य परिचय), कार्बनिक अभिक्रियाओं की मूलभूत क्रियाविधि, सहसंयोजक बंध का विदलन (समांश व विषमांश विदलन), नाभिकरागी (Nucleophiles) एवं इलेक्ट्रॉनरागी (Electrophiles), इलेक्ट्रॉनिक विस्थापन प्रभाव (प्रेरणिक प्रभाव, इलेक्ट्रोमेरी प्रभाव, अनुनाद एवं अतिसंयुग्मन/Hyperconjugation), कार्बनिक यौगिकों के शोधन की विधियाँ तथा गुणात्मक व मात्रात्मक विश्लेषण (नाइट्रोजन, सल्फर व हैलोजन की पहचान हेतु सोडियम निष्कर्ष / लैसाने परीक्षण)।
- अध्याय-9: हाइड्रोकार्बन:
- ऐल्केन: नामकरण, संरूपण समावयवता (न्यूमैन व सॉहॉर्स प्रक्षेप - एथेन का संरूपण), विरचन विधियाँ (वुर्ट्ज अभिक्रिया, कोल्बे विद्युत अपघटन), मुक्त मूलक हैलोजनीकरण क्रियाविधि।
- ऐल्कीन: द्विआबंध की संरचना, ज्यामितीय समावयवता (Cis-Trans), विरचन विधियाँ, मार्कोनीकॉफ का नियम एवं खराश (परॉक्साइड) प्रभाव, ओजोनी-अपघटन (Ozonolysis)।
- ऐल्काइन: त्रिआबंध की संरचना, विरचन विधियाँ, ऐल्काइन की अम्लीय प्रकृति, जल-योजन एवं बहुलकीकरण।
- ऐरोमैटिक हाइड्रोकार्बन: बेन्जीन की संरचना, अनुनाद, हकल का नियम (4n+2 π इलेक्ट्रॉन नियम - ऐरोमैटिकता), इलेक्ट्रॉनरागी प्रतिस्थापन अभिक्रियाएँ (नाइट्रीकरण, सल्फोनीकरण, हैलोजनीकरण, फ्रीडेल-क्राफ्ट्स ऐल्किलीकरण व ऐसिलीकरण क्रियाविधि)।
प्रायोगिक एवं प्रायोजना कार्य (Chemistry Practicals & Projects - माह नवंबर तक)
शैक्षणिक कैलेण्डर 2026-27 अनुसार नवंबर माह तक विद्यालयीन प्रयोगशाला में निम्नलिखित प्रयोग एवं प्रोजेक्ट कार्य पूर्ण किए जाने हैं:
- आयतनमितीय अनुमापन (Titration): मानक ऑक्सेलिक अम्ल विलयन बनाकर सोडियम हाइड्रॉक्साइड (NaOH) विलयन की सांद्रता/मोलरता का अनुमापन अभ्यास।
- कार्बनिक यौगिकों में अतिरिक्त तत्वों की पहचान: सोडियम निष्कर्ष (लैसाने विलयन) तैयार करके नाइट्रोजन, सल्फर एवं हैलोजन तत्वों की गुणात्मक पहचान करना।
- ऊष्मागतिकी के प्रयोग: प्रबल अम्ल (HCl) तथा प्रबल क्षार (NaOH) के उदासीनीकरण की ऊष्मा का प्रायोगिक निर्धारण।
- अकार्बनिक लवण का गुणात्मक विश्लेषण (Salt Analysis): दिए गए सरल अकार्बनिक लवण में एक धनायन (Basic Radical) तथा एक ऋणायन (Acidic Radical) की पहचान करना।
- प्रायोजना कार्य (Project Work): निर्धारित पाठ्यक्रम में से किसी एक विषय पर आधारित प्रोजेक्ट मॉडल/रिपोर्ट फ़ाइल तैयार करना।
कक्षा 11 रसायन विज्ञान परीक्षा में 70/70 अंक लाने हेतु रणनीति (MP Education Gyan Deep विशेष):
- नियमों एवं सिद्धांतों का स्पष्ट अभ्यास: ऑफबाऊ नियम, पाउली का अपवर्जन नियम, हुंड का नियम, हेस का नियम, ला-शातेलिए का नियम और हकल का नियम सीधे 2 व 3 अंकों में पूछे जाते हैं।
- रासायनिक आबंधन (अध्याय 4) पर विशेष ध्यान: CH₄, NH₃, H₂O, PCl₅, SF₆ में संकरण, ज्यामिति तथा O₂ व N₂ का आण्विक कक्षक ऊर्जा स्तर आरेख बनाकर अभ्यास करें।
- कार्बनिक अभिक्रियाओं की क्रियाविधि (Mechanisms): मार्कोनीकॉफ नियम, परॉक्साइड प्रभाव, ऐल्केन का मुक्त मूलक हैलोजनीकरण और बेन्जीन की इलेक्ट्रॉनरागी प्रतिस्थापन अभिक्रियाओं को चरणबद्ध रूप से लिखें।
- आंकिक प्रश्न (Numericals): मोल संकल्पना, मोलरता/मोललता, डी-ब्रॉग्ली तरंगदैर्घ्य, साम्य स्थिरांक (Kc/Kp) और pH मान ज्ञात करने वाले संख्यात्मक प्रश्नों का लिखित अभ्यास करें।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
प्र. 1. एमपी बोर्ड कक्षा 11वीं रसायन विज्ञान अर्द्धवार्षिक परीक्षा 2026-27 में कौन-कौन से अध्याय शामिल हैं?
उत्तर: लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) शैक्षणिक कैलेण्डर 2026-27 के अनुसार नवंबर माह तक NCERT के सभी 9 मुख्य अध्याय (अध्याय 1 से 9 तक — रसायन विज्ञान की मूल अवधारणाएँ, परमाणु संरचना, आवर्त सारणी, रासायनिक आबंधन, ऊष्मागतिकी, साम्यावस्था, रेडॉक्स अभिक्रियाएँ, कार्बनिक रसायन के मूलभूत सिद्धांत, तथा हाइड्रोकार्बन) अर्द्धवार्षिक परीक्षा में सम्मिलित हैं।
प्र. 2. क्या रसायन विज्ञान में संपूर्ण NCERT पाठ्यक्रम अर्द्धवार्षिक में ही पूरा हो जाता है?
उत्तर: हाँ, पुनर्गठित (Rationalised) NCERT पाठ्यक्रम के अनुसार कक्षा 11वीं में कुल 9 अध्याय ही निर्धारित हैं, और शैक्षणिक कैलेण्डर के अनुसार नवंबर माह तक ये सभी 9 अध्याय पूर्ण हो जाते हैं, अतः अर्द्धवार्षिक परीक्षा में सम्पूर्ण पाठ्यक्रम शामिल रहेगा।
प्र. 3. क्या अर्द्धवार्षिक में प्रायोगिक परीक्षा (Chemistry Practicals) भी ली जाएगी?
उत्तर: हाँ, 70 अंक के सैद्धांतिक प्रश्नपत्र के अलावा 30 अंक का प्रायोगिक मूल्यांकन विद्यालयीन स्तर पर अनुमापन, तत्व पहचान (लैसाने परीक्षण), लवण विश्लेषण एवं प्रोजेक्ट फ़ाइल के आधार पर किया जाता है।
प्र. 4. कार्बनिक रसायन (Organic Chemistry) के कौन-से अध्याय सबसे अधिक महत्वपूर्ण हैं?
उत्तर: अध्याय 8 (कार्बनिक रसायन: मूलभूत सिद्धांत एवं तकनीकें - GOC) तथा अध्याय 9 (हाइड्रोकार्बन) अत्यंत महत्वपूर्ण हैं, जिनमें IUPAC नामकरण, प्रेरणिक प्रभाव, अनुनाद, मार्कोनीकॉफ नियम और बेन्जीन की अभिक्रियाओं से प्रश्न पूछे जाते हैं।
अस्वीकरण (Disclaimer): यह पाठ्यक्रम लोक शिक्षण संचालनालय (DPI), मध्यप्रदेश द्वारा जारी शैक्षणिक कैलेण्डर सत्र 2026-27 के आधार पर विद्यार्थियों एवं शिक्षक साथियों के शैक्षणिक मार्गदर्शन हेतु संकलित किया गया है। आधिकारिक सूचनाओं, परीक्षा समय-सारणी एवं अंक विभाजन में किसी भी आधिकारिक संशोधन हेतु विभागीय पोर्टल एवं संस्था प्रमुख के दिशा-निर्देशों का अवलोकन अवश्य करें।










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